Wednesday, June 17th, 2026

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बड़ी खबर :कर्णप्रयाग में धारदार हथियारों से हमला करने वाले 4 निहंग यात्री गिरफ्तार, तलवार बरामद; 3 आरोपी जेल भेजे गए

Daily Archives: 17/06/2026

बड़ी खबर :कर्णप्रयाग में धारदार हथियारों से हमला करने वाले 4 निहंग यात्री गिरफ्तार, तलवार बरामद; 3 आरोपी जेल भेजे गए

चमोली। कर्णप्रयाग बाजार क्षेत्र में स्थानीय व्यापारियों और लोगों पर धारदार हथियारों से हमला करने के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार निहंग यात्रियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त तलवारें और दो मोटरसाइकिलें भी बरामद की हैं।

जानकारी के अनुसार, 16 जून 2026 को कोतवाली कर्णप्रयाग क्षेत्र के कृष्णा पैलेस होटल के पास श्री हेमकुंड साहिब यात्रा से लौट रहे कुछ निहंग यात्रियों और स्थानीय व्यापारियों के बीच मामूली कहासुनी के बाद विवाद हो गया था। आरोप है कि इस दौरान चार निहंग यात्रियों ने धारदार हथियारों से स्थानीय व्यापारी और बीच-बचाव करने पहुंचे लोगों पर हमला कर दिया, जिसमें चार लोग घायल हो गए।

घटना के बाद पीड़ित गजपाल सिंह की तहरीर पर कोतवाली कर्णप्रयाग में मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए बैरियर लगाकर तीन आरोपियों को कर्णप्रयाग क्षेत्र से गिरफ्तार किया, जबकि चौथे आरोपी को 17 जून को कर्णप्रयाग चिकित्सालय से गिरफ्तार किया गया। आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त तलवार भी बरामद की गई।

पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां तीन अभियुक्तों को न्यायिक अभिरक्षा में जिला कारागार पुरसाड़ी भेज दिया गया है, जबकि उपचाराधीन चौथे आरोपी को पुलिस अभिरक्षा में रखा गया है।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जसनप्रीत सिंह, अजय सिंह, सतविंदर सिंह और मनप्रीत सिंह निवासी मोहाली, पंजाब के रूप में हुई है।

कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए गौचर-कर्णप्रयाग क्षेत्र में आईटीबीपी की एक कंपनी और पीएसी बल तैनात किया गया है। पुलिस उपाधीक्षक कर्णप्रयाग त्रिवेंद्र सिंह राणा मौके पर कैंप कर स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।

पुलिस अधीक्षक चमोली सुरजीत सिंह पंवार ने कहा कि जनपद में शांति व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी भी अराजक तत्व को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने बताया कि पुलिस द्वारा क्षेत्र में लगातार गश्त और निगरानी की जा रही है।


उद्योग मित्रों की समस्याओं का समाधान करना जिला प्रशासन की प्राथमिकताः डॉ आशीष चौहान

देहरादून: जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान की अध्यक्षता में आज ऋषिपर्णा सभागार, कलेक्ट्रेट में जिला उद्योग मित्र समिति की बैठक आयोजित की गई। जिलाधिकारी ने कहा कि उद्योग मित्रों की समस्याओं का समयबद्ध निस्तारण करना जिला प्रशासन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि आधुनिक विकास की दिशा में उद्योग क्षेत्र एक गेम चेंजर की भूमिका निभाता है तथा औद्योगिक विकास से रोजगार सृजन के साथ-साथ स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलती है।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि औद्योगिक आस्थानों से संबंधित वे समस्याएं, जिनका समाधान लंबे समय से लंबित है और जिनके संबंध में शासन को पूर्व में पत्राचार किया जा चुका है, उन्हें “मिसिंग लिंक” के रूप में चिह्नित करते हुए पुनः शासन को प्रेषित किया जाए ताकि उनका उचित समाधान हो सके।

बैठक में औद्योगिक आस्थान सेलाकुई में निर्माणाधीन 220 केवी विद्युत स्टेशन की प्रगति की समीक्षा की गई। इस दौरान यूपीसीएल अधिकारियों ने अवगत कराया कि आगामी दो से तीन दिनों के भीतर विद्युत स्टेशन पूर्ण रूप से सक्रिय हो जाएगा। इस पर जिलाधिकारी ने संतोष व्यक्त करते हुए परियोजना को निर्धारित समय में संचालित करने के निर्देश दिए।

औद्योगिक क्षेत्रों में विद्युत शटडाउन की समस्या पर जिलाधिकारी ने महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र (जीएमडीआईसी) को निर्देशित किया कि उद्योगपतियों एवं यूपीसीएल अधिकारियों की संयुक्त बैठक आयोजित कर शटडाउन का पूर्व निर्धारित समय तय किया जाए, जिससे उत्पादन गतिविधियों पर न्यूनतम प्रभाव पड़े। उन्होंने उद्योगों की समस्याओं के त्वरित समाधान हेतु एक समर्पित व्हाट्सएप ग्रुप बनाने के भी निर्देश दिए, जिसमें उद्योग मित्र अपनी समस्याएं सीधे साझा कर सकें।

औद्योगिक क्षेत्र मोहब्बेवाला में सड़कों पर विक्रम वाहनों की अवैध पार्किंग तथा सब्जी एवं रेहड़ी-फड़ी विक्रेताओं द्वारा किए जा रहे अतिक्रमण पर जिलाधिकारी ने कड़ा रुख अपनाते हुए पुलिस एवं नगर निगम अधिकारियों को आद्यौगिक आस्थानों में नियमित अभियान चलाकर प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कार्रवाई के उपरांत पुनः अतिक्रमण करने वाले व्यक्तियों के लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाए।

जिलाधिकारी ने औद्योगिक इकाइयों में कार्यरत श्रमिकों एवं कामगारों के कौशल विकास पर विशेष बल देते हुए सभी औद्योगिक इकाइयों को अपने कर्मचारियों का ऑनलाइन पंजीकरण कराकर कौशल अभिवृद्धि कार्यक्रमों से जोड़ने के निर्देश दिए।


विकसित उत्तराखंड के निर्माण में सचिवालय परिवार की भूमिका महत्वपूर्ण : मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय संघ की नवनिर्वाचित कार्यकारिणी को दिलाई शपथ

 

सचिवालय शासन व्यवस्था की आत्मा और जनविश्वास का प्रमुख केंद्र : मुख्यमंत्री

सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही को और अधिक मजबूत करने के लिए सरकार प्रतिबद्ध

देहरादून : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज उत्तराखंड सचिवालय संघ के शपथ ग्रहण समारोह में प्रतिभाग कर नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के पदाधिकारियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को शुभकामनाएं देते हुए उनके सफल कार्यकाल की कामना की।

मुख्यमंत्री ने उत्तराखंड सचिवालय संघ के नवनिर्वाचित अध्यक्ष दीपक जोशी, उपाध्यक्ष राकेश जोशी एवं  संजय कुमार शर्मा, उपाध्यक्ष प्रमिला टम्टा, महासचिव राजेन्द्र रतूड़ी, सचिव अतुल कुमार सिंह, संयुक्त सचिव दिव्यांशु डोभाल एवं सुरेन्द्र सिंह रावत, संप्रेक्षक रीना मखनवाल, कोषाध्यक्ष रमेश सिंह बर्त्वाल तथा प्रचार सचिव दीपक बिष्ट सहित समस्त नवनिर्वाचित कार्यकारिणी को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।

समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड सचिवालय केवल एक भवन नहीं, बल्कि प्रदेश की शासन व्यवस्था की आत्मा और जनविश्वास का प्रमुख केंद्र है। यहीं से नीतियों का निर्माण होता है, जनकल्याणकारी योजनाओं को दिशा मिलती है और प्रदेश के विकास की रूपरेखा तैयार होती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सचिवालय में कार्यरत प्रत्येक अधिकारी और कर्मचारी विकसित उत्तराखंड के निर्माण में महत्वपूर्ण सहभागी है। सरकार द्वारा बनाई गई नीतियों और योजनाओं को धरातल पर उतारने तथा अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाने में सचिवालय परिवार की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने प्रारंभ से ही शासन व्यवस्था को अधिक संवेदनशील, पारदर्शी और जनहितकारी बनाने का प्रयास किया है। इसी क्रम में विभिन्न कर्मचारी संगठनों के साथ निरंतर संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से लेते हुए समाधान की दिशा में कार्य किया गया है।

उन्होंने कहा कि एक मजबूत, प्रेरित और संतुष्ट कर्मचारी तंत्र सुशासन की सबसे बड़ी शक्ति होता है। शासन और कर्मचारी जब टीम भावना के साथ कार्य करते हैं तो विकास कार्यों को गति मिलती है और जनता का विश्वास शासन व्यवस्था पर और अधिक मजबूत होता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल बनाने, तकनीक आधारित सेवाओं को बढ़ावा देने और ई-गवर्नेंस को सशक्त करने के लिए अनेक कदम उठाए गए हैं।


खेलों में चमके, अब सरकारी नौकरी भी पक्की

आयुषी

उत्तराखंड के राष्ट्रीय खेलों के पदक विजेताओं के लिए बड़ी खुशखबरी है। राज्य सरकार जल्द ही उन्हें आउट ऑफ टर्न सरकारी नौकरी देने की प्रक्रिया शुरू करने जा रही है। खेल मंत्री रेखा आर्या ने विभागीय अधिकारियों को अगस्त तक भर्ती संबंधी विज्ञप्ति जारी करने के निर्देश दिए हैं और इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ पूरा करने को कहा है।सचिवालय के एफआरडीसी सभागार में आयोजित खेल विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान खेल मंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर राज्य का नाम रोशन करने वाले खिलाड़ियों को नौकरी देने में अब और देरी नहीं होनी चाहिए।

उन्होंने अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी औपचारिकताएं पूरी करने के निर्देश दिए।बैठक में खेल विश्वविद्यालय की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। खेल मंत्री ने अधिकारियों को विश्वविद्यालय में शैक्षणिक सत्र शुरू करने के लिए आवश्यक नियुक्तियां जल्द पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि पहले शैक्षणिक सत्र के लिए विषयों का चयन किया जा चुका है और प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है।रेखा आर्या ने बताया कि महिला स्पोर्ट्स कॉलेज, लोहाघाट में प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।

जुलाई माह से यहां पहला शैक्षणिक सत्र शुरू होने जा रहा है, जिससे प्रदेश की महिला खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय खेल शिक्षा और प्रशिक्षण का लाभ मिलेगा।बैठक में आगामी 39वें राष्ट्रीय खेलों की तैयारियों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। खेल मंत्री ने अधिकारियों को उत्तराखंड ओलंपिक संघ के साथ बैठक आयोजित कर खिलाड़ियों के ट्रायल और प्रशिक्षण कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय खेलों में बेहतर प्रदर्शन सुनिश्चित करने के लिए खिलाड़ियों को समय पर प्रशिक्षण और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना जरूरी है।इसके अलावा नई खेल नीति को जल्द अंतिम रूप देने और प्रदेश में खेल बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया।

खेल मंत्री ने राज्य के प्रत्येक ब्लॉक में मिनी स्टेडियम स्थापित करने की योजना को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। उनका कहना था कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों के खिलाड़ियों को स्थानीय स्तर पर बेहतर खेल सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।बैठक में विशेष प्रमुख सचिव खेल अमित सिन्हा, खेल निदेशक दीप्ति सिंह, उपनिदेशक शक्ति सिंह सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।राज्य सरकार के इन फैसलों को खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पदक विजेताओं को सरकारी नौकरी, खेल विश्वविद्यालय की शुरुआत और खेल बुनियादी ढांचे के विस्तार जैसी पहलें प्रदेश में खेलों के विकास को नई गति दे सकती हैं।


दून एयरपोर्ट को मिलेगी नई ATC बिल्डिंग, विमानों की आवाजाही होगी आसान

पूजा भट्ट

देहरादून एयरपोर्ट पर हवाई यातायात प्रबंधन को और अधिक सुरक्षित एवं आधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जा रहा है। एयरपोर्ट परिसर में नई अत्याधुनिक एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) बिल्डिंग बनाने की योजना है, जिसमें नवीनतम तकनीक और उन्नत निगरानी प्रणाली से लैस उपकरण स्थापित किए जाएंगे।

नई एटीसी सुविधा के शुरू होने के बाद एयर ट्रैफिक कंट्रोल अधिकारियों को एक साथ अधिक विमानों की निगरानी और संचालन में मदद मिलेगी। आधुनिक ऑटोमेशन और सर्विलांस सिस्टम के कारण एयरस्पेस और रनवे की उपयोग क्षमता में भी वृद्धि होगी, जिससे वर्तमान एयरस्पेस में ही ज्यादा उड़ानों का संचालन संभव हो सकेगा।

देहरादून एयरपोर्ट के आसपास का अधिकांश एयरस्पेस भारतीय वायु सेना के नियंत्रण में है। ऐसे में नई तकनीकों से लैस एटीसी व्यवस्था नागरिक उड़ानों के संचालन को और अधिक प्रभावी एवं व्यवस्थित बनाएगी।

फिलहाल एयरपोर्ट से प्रतिदिन लगभग 22 से 24 नियमित उड़ानों का संचालन होता है, जबकि निजी विमान और हेलिकॉप्टरों की आवाजाही अलग से होती है। नई एटीसी बिल्डिंग के निर्माण और अत्याधुनिक उपकरणों की स्थापना के बाद एयरपोर्ट की परिचालन क्षमता में उल्लेखनीय सुधार आने की उम्मीद है।

देहरादून एयरपोर्ट का सफर एक छोटी हवाई पट्टी से शुरू हुआ था, जिसे 1970 के दशक में बिरला समूह द्वारा विकसित किया गया था। बाद में 2006-07 में इसका विस्तार कर इसे आधुनिक एयरपोर्ट का स्वरूप दिया गया। उसी दौरान एटीसी और मौसम विभाग की नई इमारतें भी बनाई गई थीं

यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए वर्ष 2010 में करीब 30 करोड़ रुपये की लागत से नया टर्मिनल भवन तैयार किया गया। इसके बाद बढ़ती मांग के अनुरूप लगभग 400 करोड़ रुपये की लागत से एक और अत्याधुनिक टर्मिनल विकसित किया गया, जहां से वर्ष 2024 से संचालन किया जा रहा है। यह टर्मिनल पीक आवर्स में 3,240 यात्रियों को संभालने की क्षमता रखता है, जबकि पुराने टर्मिनल की क्षमता केवल करीब 150 यात्रियों तक सीमित थी

नई एटीसी बिल्डिंग के निर्माण के साथ देहरादून एयरपोर्ट न केवल तकनीकी रूप से और अधिक सशक्त होगा, बल्कि उड़ानों के संचालन में होने वाली देरी भी कम होगी। इससे यात्रियों को बेहतर सेवाएं मिलने के साथ एयरपोर्ट की समग्र कार्यक्षमता में भी बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।


खेत में पानी चलाने को लेकर हुए विवाद में युवक की मौत, सहसपुर पुलिस ने एक और आरोपी को किया गिरफ्तार

देहरादून। सहसपुर थाना क्षेत्र के ग्राम बैरागीवाला में खेत में पानी चलाने को लेकर हुए विवाद में मारपीट के दौरान घायल युवक की उपचार के दौरान मौत के मामले में पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में अब तक कुल 6 आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है।

पुलिस के अनुसार, 13 जून 2026 की शाम ग्राम बैरागीवाला में दो पक्षों के बीच खेत में पानी चलाने को लेकर विवाद हो गया था। आरोप है कि एक पक्ष के लोगों ने अशोक कुमार, विनोद कुमार और राजेश कुमार के साथ मारपीट कर दी थी। इस घटना में तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिन्हें उपचार के लिए लेहमन अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान विनोद कुमार की मौत हो गई।

घटना के संबंध में मृतक के भाई अशोक कुमार की तहरीर पर कोतवाली सहसपुर में 12 नामजद आरोपियों समेत 30-40 अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।

मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी देहरादून के निर्देश पर पुलिस टीमों का गठन किया गया। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पहले रज्जाक, सलमान, जावेद, शहबाज और इम्तियाज को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।

इसी क्रम में पुलिस टीम ने घटना में शामिल आरोपी इंतजार पुत्र जमील निवासी बैरागीवाला को तिमली गांव से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जिला कारागार सुद्धोवाला भेज दिया गया। वही पुलिस अन्य फरार आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।


प्रदेश दौरे पर पहुंची कांग्रेस प्रभारी ने कार्यकर्ताओं में भरा जोश, संगठन मजबूती और चुनावी रणनीति पर हुआ मंथन

देहरादून। कांग्रेस की प्रदेश प्रभारी कुमारी सैलजा अपने दो दिवसीय उत्तराखंड दौरे पर बुधवार सुबह देहरादून पहुंचीं। इस दौरान उन्होंने पार्टी संगठन को मजबूत करने, आगामी विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों और कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने को लेकर कई महत्वपूर्ण बैठकें कीं।

आज सुबह बीजापुर गेस्ट हाउस में प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष करण माहरा ने पुष्पगुच्छ भेंट कर कुमारी सैलजा का स्वागत किया। उनके साथ एआईसीसी से जिला अध्यक्षों के चुनाव समिति के समन्वयक प्रभारी चिल्ला वामशी चंद्र रेड्डी भी मौजूद रहे।

दौरे के पहले चरण में जिला अध्यक्षों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में 27 में से 25 जिला अध्यक्षों ने भाग लिया। इस दौरान पिछले छह माह में संगठन सृजन कार्यक्रम के तहत किए गए कार्यों की समीक्षा की गई। जिला अध्यक्षों ने संगठन को मजबूत करने और पार्टी की गतिविधियों को आगे बढ़ाने को लेकर अपना रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुत किया।

बैठक में आगामी तीन महीनों के रोडमैप, बूथ कमेटियों की मजबूती, पार्टी की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने और भाजपा सरकार की नीतियों के खिलाफ आंदोलन को तेज करने पर चर्चा हुई। कुमारी सैलजा ने कहा कि हर कार्यकर्ता को साथ लेकर कांग्रेस को मजबूत करना होगा।

इसके बाद फ्रंटल संगठनों और विभागों के पदाधिकारियों के साथ भी बैठक हुई। प्रभारी ने संगठनों की सक्रियता की समीक्षा करते हुए कहा कि सभी प्रकोष्ठों की भूमिका महत्वपूर्ण है और सभी को मिलकर पार्टी को आगे बढ़ाना होगा।

वरिष्ठ नेताओं के साथ हुई बैठक में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर रणनीति पर मंथन किया गया। इस दौरान कुमारी सैलजा ने राहुल गांधी के प्रस्तावित दौरे की तैयारियों को लेकर प्रदेश नेतृत्व की सराहना की।

बैठक में प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, चुनाव प्रचार समिति अध्यक्ष प्रीतम सिंह, चुनाव प्रबंधन समिति अध्यक्ष डॉ. हरक सिंह रावत, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष करण माहरा, गोविंद सिंह कुंजवाल, प्रदीप टम्टा, काजी निजामुद्दीन समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।


कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने गोरखा कल्याण परिषद की अध्यक्ष ज्योति कोटिया के कार्यालय का किया शुभारंभ

देहरादून। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने गोरखा कल्याण परिषद की अध्यक्ष ज्योति कोटिया के कार्यालय का शुभारंभ किया। इस अवसर पर मंत्री जोशी ने कहा कि गोरखा समाज के कल्याण, उत्थान एवं उनकी समस्याओं के समाधान के लिए परिषद महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि यह कार्यालय गोरखा समाज और परिषद के मध्य समन्वय स्थापित करने तथा जनसेवा के कार्यों को और अधिक गति प्रदान करने का केंद्र बनेगा।

काबीना मंत्री जोशी ने गोरखा कल्याण परिषद के अध्यक्ष को नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में परिषद समाज के हितों के लिए प्रभावी कार्य करेगी तथा राज्य के विकास में गोरखा समाज की सहभागिता को और सुदृढ़ करेगी।

इस अवसर पर निर्मला जोशी, सुनील कोटिया सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।


डीएम अपूर्वा पाण्डे ने किया इमरजेंसी, आईसीयू, डायलिसिस यूनिट समेत विभिन्न वार्डों का निरीक्षण, व्यवस्थाएं बेहतर करने के दिए निर्देश

बागेश्वर : जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे ने जिला चिकित्सालय का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल की विभिन्न चिकित्सा इकाइयों और वार्डों का गहन निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
जिलाधिकारी ने इमरजेंसी, आईसीयू, एचडीयू, सीसीयू, महिला एवं बाल वार्ड, डायलिसिस यूनिट तथा दिव्यांग पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण करते हुए मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से सीधा संवाद कर उपचार व्यवस्था, दवाओं की उपलब्धता और अन्य सुविधाओं के संबंध में फीडबैक लिया।
निरीक्षण के दौरान डीएम ने दवाओं के स्टॉक, चिकित्सा उपकरणों की स्थिति और अस्पताल की व्यवस्थाओं को भी परखा। उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी एवं अस्पताल प्रशासन के अधिकारियों के साथ विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता, आवश्यक संसाधनों और स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने को लेकर विस्तार से चर्चा की।
जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं हर नागरिक का अधिकार हैं। जिला प्रशासन का प्रयास है कि आम जनता को समय पर बेहतर और सुलभ उपचार मिल सके। उन्होंने अस्पताल प्रशासन को स्वच्छता व्यवस्था, मरीजों की सुरक्षा, आपातकालीन सेवाओं और जनसुविधाओं को और अधिक बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
उन्होंने विशेषज्ञ चिकित्सकों और आवश्यक स्वास्थ्य संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए शासन स्तर पर प्रभावी पैरवी करने का भी आश्वासन दिया।

आयुष मंत्री मदन कौशिक ने की विभागीय समीक्षा बैठक, आयुर्वेद-यूनानी चिकित्सा संघ की मांगों पर बनी सहमति

देहरादून। प्रदेश के आयुष मंत्री मदन कौशिक ने विधान सभा स्थित सभागार कक्ष में आयुष विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में राजकीय आयुर्वेद एवं यूनानी चिकित्सा सेवा संघ उत्तराखण्ड की मांगों और विभागीय व्यवस्थाओं को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।

आयुष मंत्री ने बताया कि संघ की ओर से रखी गई सात मांगों पर सरकार ने सकारात्मक रुख अपनाया है। कुछ मांगों को स्वीकार कर लिया गया है, जबकि अन्य मांगों पर अधिकारियों को आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए गए हैं।

बैठक में चिकित्सा संवर्ग के लिए विभागीय अपर निदेशक पद पर पदोन्नति की मांग पर निर्णय लेते हुए डेढ़ माह के भीतर प्रक्रिया पूरी करने का समय निर्धारित किया गया। वहीं वार्षिक गोपनीय प्रविष्टियों से जुड़े मामलों को एक माह के भीतर निस्तारित करने के निर्देश दिए गए हैं।

मंत्री मदन कौशिक ने विभागीय ढांचे के पुनर्गठन और पदोन्नति के अवसर बढ़ाने संबंधी मांगों पर भी अधिकारियों को जल्द कार्रवाई करने को कहा। इसके अलावा मोबाइल ऐप आधारित उपस्थिति और आधार आधारित बायोमैट्रिक व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं के समाधान के निर्देश दिए गए।

बैठक के बाद आयुर्वेद एवं यूनानी चिकित्सा सेवा संघ ने मांगों पर सरकार के सकारात्मक रुख के बाद हड़ताल वापस लेने का निर्णय लिया। संघ ने आगामी 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर प्रदेशभर में आयोजित कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी की प्रतिबद्धता भी जताई।


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