Tuesday, September 29th, 2026

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राजपुर रोड विधानसभा में विकास कार्यों की मंत्री खजान दास ने की समीक्षा, 15 दिन में सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश

Daily Archives: 29/09/2026

राजपुर रोड विधानसभा में विकास कार्यों की मंत्री खजान दास ने की समीक्षा, 15 दिन में सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश

देहरादून। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री खजान दास ने विधानसभा स्थित अपने कार्यालय कक्ष में राजपुर रोड विधानसभा क्षेत्र में लम्बित एवं गतिमान विकास कार्यों को लेकर संयुक्त विभागीय बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में नगर निगम, लोक निर्माण विभाग, यूपीसीएल, जल संस्थान समेत विभिन्न विभागों के कार्यों की समीक्षा की गई।

मंत्री ने नगर निगम की सफाई व्यवस्था, नालियों की सफाई, फॉगिंग और कूड़ा उठान की स्थिति पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि सफाई व्यवस्था को लेकर बार-बार निर्देश देने के बावजूद अपेक्षित सुधार नजर नहीं आ रहा है, जिसके कारण जनता को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने अधिकारियों को 15 दिनों के भीतर सफाई व्यवस्था को सुचारू करने के निर्देश दिए।

लोक निर्माण विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए मंत्री ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशानुसार 15 अक्टूबर तक सभी सड़कों को गड्ढामुक्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से शीघ्र निविदाएं आमंत्रित कर निर्माण एवं मरम्मत कार्यों में तेजी लाने को कहा।

बैठक में यूपीसीएल की विद्युत लाइनों को भूमिगत करने, चौराहों के सौंदर्यीकरण, मॉडल कॉलोनी निर्माण, सीवर लाइन, हरिद्वार रोड पर फुटओवर ब्रिज, पेयजल कार्यों, परेड ग्राउंड और पलटन बाजार से जुड़े लंबित कार्यों पर भी चर्चा हुई। मंत्री ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ प्राथमिकता के आधार पर कार्य पूरा करने के निर्देश दिए।

बैठक में शामिल नहीं होने वाले स्मार्ट सिटी और पेयजल निगम के अधिकारियों पर भी मंत्री ने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि दोनों विभागों की जवाबदेही तय की जाएगी।

मंत्री खजान दास ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को साकार करने की शुरुआत घर, आसपास के क्षेत्र, शहर और राज्य से करनी होगी।

बैठक में नगर आयुक्त आलोक कुमार पाण्डे सहित नगर निगम, लोक निर्माण विभाग, यूपीसीएल और जल संस्थान के अधिकारी मौजूद रहे।


भागलपुर औरंगजेब हत्याकांड में कोर्ट का फैसला, शाहरुख और सागर को उम्रकैद

भागलपुर। भागलपुर व्यवहार न्यायालय में सोमवार को तातारपुर थाना क्षेत्र के चर्चित मुहम्मद औरंगजेब हत्याकांड में फैसला सुनाया गया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश अष्टम संजय प्रिया की अदालत ने मामले के मुख्य आरोपित मुहम्मद शाहरुख और मुहम्मद सागर को हत्या का दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। दोनों पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। जुर्माना जमा नहीं करने पर छह-छह महीने का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा।

मामले में तीसरे आरोपित मुहम्मद अजहर को पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिलने पर अदालत ने बरी कर दिया। सरकार की ओर से अपर लोक अभियोजक दीप कुमार ने अभियोजन पक्ष की ओर से बहस की।

घटना 4 सितंबर 2021 की शाम करीब सवा सात बजे जब्बारचक स्थित हकीम अमीर हसन लेन में हुई थी। प्राथमिकी के अनुसार, मुहम्मद औरंगजेब अपने घर पर था। इसी दौरान मुहम्मद इरफान के सामने शाहरुख अपने साथियों के साथ वहां पहुंचा और बातचीत के बहाने औरंगजेब को घर से बाहर बुलाया। बाहर आने के बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई और आरोप है कि औरंगजेब के सिर से पिस्टल सटाकर गोली मार दी गई। गोली लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

पुलिस जांच और अदालत में हुई सुनवाई के दौरान घटना के पीछे मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री और भंडारण से जुड़े वर्चस्व के विवाद की बात सामने आई।

मामले में 14 सितंबर को सजा सुनाई जानी थी, लेकिन तकनीकी कारणों से सुनवाई आगे बढ़ गई। इसी दौरान शाहरुख ने हाजत में सुरक्षाकर्मियों के साथ गाली-गलौज और धक्का-मुक्की की। आरोप है कि उसने फर्श पर पड़े मार्बल के टुकड़े से हवलदार दिनेश प्रसाद के सिर पर हमला कर दिया, जिससे वह घायल हो गए। इसके बाद शाहरुख ने खुद का सिर भी फोड़ लिया था।

इस घटना को लेकर तिलकामांझी थाने में शाहरुख के खिलाफ अलग प्राथमिकी दर्ज की गई थी। सोमवार को कड़ी सुरक्षा के बीच अदालत ने औरंगजेब हत्याकांड में शाहरुख और सागर को उम्रकैद की सजा सुनाई।

इसी दिन अदालत ने चोरी की संपत्ति छिपाने और उसे ठिकाने लगाने से जुड़े करीब 29 वर्ष पुराने मामले में सुनील तांती उर्फ सुनील शर्मा को दोषी ठहराया। अदालत ने उसे 20 महीने के कारावास के साथ 500 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अभियोजन की ओर से अभियोजन पदाधिकारी मनीष कुमार ने पक्ष रखा।

कजरैली थाना क्षेत्र में 30 अगस्त 2023 को नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में भी सोमवार को फैसला आया। पॉक्सो मामलों की विशेष न्यायाधीश सुगंध प्रसाद की अदालत ने आरोपित छोटू कुमार को पॉक्सो एक्ट की धारा 4 के तहत दोषी करार दिया। अदालत ने सजा के बिंदु पर सुनवाई के लिए 30 सितंबर 2026 की तारीख तय की है।

मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने पीड़िता, चिकित्सक और अनुसंधानकर्ता समेत छह गवाहों के बयान दर्ज कराए। गवाहों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने आरोपित को दोषी माना। अभियोजन की ओर से विशेष लोक अभियोजक शंकर जयकिशन मंडल ने बहस की।


विभिन्न राज्यों की संस्कृति, नवाचार और बेहतर कार्यप्रणालियों को जानें उत्तराखण्ड के युवा- मुख्यमंत्री

उत्तराखण्ड और अन्य राज्यों के युवाओं के बीच संवाद और अनुभवों के आदान-प्रदान को दिया जाएगा बढ़ावा

सेवा संकल्प अभियान की भावना के अनुरूप युवाओं को संस्कृति, पर्यटन और विकास की पहलों से जोड़ने का प्रयास

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में हरियाणा भ्रमण पर जा रहे उत्तराखण्ड के युवाओं को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इस प्रकार के अंतरराज्यीय भ्रमण युवाओं को देश के विभिन्न राज्यों की संस्कृति, जीवनशैली, विकास कार्यों और नवाचारी पहलों को निकट से समझने का अवसर प्रदान करते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड के युवा विभिन्न राज्यों में जाकर वहां की संस्कृति, स्थानीय विशेषताओं, विकास से जुड़ी पहलों और सरकारों द्वारा अपनाई जा रही अच्छी कार्यप्रणालियों को जानें तथा उपयोगी अनुभवों को उत्तराखण्ड के परिप्रेक्ष्य में भी साझा करें। इसी प्रकार अन्य राज्यों के युवाओं को भी उत्तराखण्ड आने और यहां की संस्कृति, पर्यटन, स्थानीय उत्पादों तथा राज्य में संचालित विभिन्न विकास एवं जनकल्याणकारी पहलों को जानने के अवसर दिए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस से प्रारंभ हुए सेवा संकल्प अभियान की भावना भी समाज के विभिन्न वर्गों, विशेष रूप से युवाओं को सेवा, जनभागीदारी और विकसित भारत के संकल्प से जोड़ने की है। युवाओं के बीच इस प्रकार का संवाद विभिन्न राज्यों की अच्छी पहलों को समझने और आपसी अनुभव साझा करने का प्रभावी माध्यम बन सकता है।

मुख्यमंत्री ने हरियाणा भ्रमण पर जा रहे युवाओं से कहा कि वे वहां की समृद्ध संस्कृति, गौरवशाली इतिहास, खान-पान, खेल परंपरा, कृषि और स्थानीय जीवनशैली को करीब से देखें। स्थानीय युवाओं, खिलाड़ियों, किसानों और विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य कर रहे लोगों से संवाद कर उनके अनुभवों को जानें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड के युवा राज्य के प्रतिनिधि के रूप में अन्य प्रदेशों में जाते हैं। ऐसे में वे देवभूमि की समृद्ध संस्कृति, लोकपर्वों, स्थानीय खान-पान, पर्यटन स्थलों, होम-स्टे, स्थानीय उत्पादों, मिलेट्स और हस्तशिल्प के बारे में भी लोगों को जानकारी दें। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड में चारधाम के साथ ही आदि कैलाश, जागेश्वर, कैंची धाम, शीतकालीन पर्यटन, साहसिक पर्यटन तथा अनेक ऐसे पर्यटन स्थल हैं, जिनकी जानकारी देश के अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचनी चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विशेष रूप से महिला स्वयं सहायता समूहों और स्थानीय कारीगरों द्वारा तैयार किए जा रहे उत्पादों की जानकारी भी अन्य राज्यों तक पहुंचाने में युवा महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम केवल भ्रमण तक सीमित न रहें, बल्कि विभिन्न राज्यों के युवाओं, संस्कृति, अनुभव और विचारों के आदान-प्रदान का माध्यम बनें। इससे युवाओं को देश की विविधता को समझने के साथ ही विभिन्न क्षेत्रों में हो रहे अच्छे कार्यों से सीखने का अवसर मिलेगा।


एशियन गेम्स 2026- नीरू ढांडा ने रचा इतिहास, महिलाओं की शॉटगन ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा में जीता स्वर्ण पदक

28 अंक के साथ बनाया नया एशियन रिकॉर्ड

नई दिल्ली। एशियन गेम्स 2026 में भारतीय निशानेबाजी ने एक और बड़ी उपलब्धि अपने नाम कर ली है। नीरू ढांडा ने महिलाओं की शॉटगन ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रच दिया। नीरू इस स्पर्धा में भारत के लिए पदक जीतने वाली पहली महिला निशानेबाज बन गई हैं। फाइनल में उन्होंने 30 में से 28 निशाने सटीक लगाए। चीन की सुन युनोंग ने 26 अंक के साथ रजत पदक हासिल किया।

नीरू की इस जीत के साथ ही भारत का इस स्पर्धा में 36 साल पुराना इंतजार भी समाप्त हो गया। खास बात यह रही कि भारत को इस इवेंट में पहला पदक कांस्य या रजत के रूप में नहीं, बल्कि सीधे स्वर्ण पदक के रूप में मिला। इसके अलावा नीरू ने शानदार प्रदर्शन के दम पर एशियन रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया।

28 अंक के साथ बनाया नया एशियन रिकॉर्ड

फाइनल में 28 अंक हासिल करना नीरू की जीत को और खास बनाता है। महिलाओं की ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा में इससे पहले एशियन रिकॉर्ड 24 अंक का था। यह रिकॉर्ड चीनी ताइपे की वान यू लियू ने 19 जनवरी 2026 को बनाया था। नीरू ने 28 अंक के साथ पुराने रिकॉर्ड में चार अंकों का सुधार करते हुए नया एशियन रिकॉर्ड कायम किया।

1990 से भारत को था पदक का इंतजार

महिलाओं की शॉटगन ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा को पहली बार 1990 के बीजिंग एशियन गेम्स में शामिल किया गया था। इसके बाद चीन, जापान, उत्तर कोरिया, दक्षिण कोरिया, थाईलैंड और लेबनान के खिलाड़ी इस स्पर्धा में पदक जीतते रहे, लेकिन भारतीय निशानेबाज पोडियम तक नहीं पहुंच सके।

2022 के हांगझोऊ एशियन गेम्स तक भारत इस इवेंट में पदक के लिए तरसता रहा। अब आइची-नागोया एशियन गेम्स में नीरू ढांडा ने इस लंबे इंतजार को खत्म कर दिया है।

महिला ट्रैप व्यक्तिगत स्पर्धा का एशियन गेम्स इतिहास

एशियन गेम्स स्वर्ण रजत कांस्य
1990 बीजिंग वांग युजिन (चीन) मिवाको इवाओ (जापान) री ह्ये-ग्योंग (उत्तर कोरिया)
2002 बुसान गाओ ई (चीन) पाक योंग-हुई (उत्तर कोरिया) री ह्ये-ग्योंग (उत्तर कोरिया)
2006 दोहा चेन ली (चीन) झू मेई (चीन) लिन यी-चुन (चीनी ताइपे)
2010 ग्वांगझोऊ युकी नाकायामा (जापान) गाओ ई (चीन) लियू यिंगजी (चीन)
2014 इंचियोन झू जिंग्यू (चीन) युकी नाकायामा (जापान) चट्टाया किचारोएन (थाईलैंड)
2018 जकार्ता-पालेमबांग झांग शिनछ्यू (चीन) कांग जी-उन (दक्षिण कोरिया) रे बासिल (लेबनान)
2022 हांगझोऊ झांग शिनछ्यू (चीन) वू कुइकुई (चीन) मारिया दिमित्रिएन्को (कजाकिस्तान)
2026 आइची-नागोया नीरू ढांडा (भारत) सुन युनोंग (चीन) हजर अब्दुलमलिक (कुवैत)

आइची-नागोया में भारत का पहला व्यक्तिगत स्वर्ण

नीरू का स्वर्ण पदक इस एशियाड में भारत के लिए एक और वजह से महत्वपूर्ण है। यह व्यक्तिगत स्पर्धा में देश का पहला स्वर्ण है। इससे पहले भारत के खाते में चार स्वर्ण पदक टीम या मिश्रित टीम स्पर्धाओं से आए थे।

महिला क्रिकेट टीम, पुरुष कबड्डी टीम, महिला कबड्डी टीम और शूटिंग की 10 मीटर एयर पिस्टल मिश्रित टीम ने भारत को स्वर्ण दिलाया था। अब नीरू ढांडा ने व्यक्तिगत स्पर्धा में भी भारत का खाता खोल दिया है।

एक प्रदर्शन और तीन बड़ी उपलब्धियां

नीरू ढांडा ने 30 में 28 निशाने लगाकर सिर्फ स्वर्ण पदक ही नहीं जीता, बल्कि भारत को इस स्पर्धा का पहला एशियन गेम्स पदक भी दिलाया। साथ ही उन्होंने नया एशियन रिकॉर्ड कायम किया और व्यक्तिगत स्पर्धा में भारत के लिए आइची-नागोया एशियाड का पहला स्वर्ण पदक हासिल किया।

36 साल के इंतजार के बाद महिला ट्रैप के पदक विजेताओं की सूची में भारत का नाम जुड़ा और इस ऐतिहासिक उपलब्धि के साथ नीरू ढांडा का नाम दर्ज हो गया।


मुड़िला में बंद मकान को चोरों ने बनाया निशाना,10 लाख के जेवर और 2 लाख नकदी चोरी

अंबा। कुटुंबा थाना क्षेत्र के मुड़िला गांव में एक बंद मकान में चोरी की वारदात सामने आई है। परिवार के बोकारो जाने के बाद चोरों ने मकान का मुख्य गेट और कमरे का ताला तोड़कर करीब 10 लाख रुपये के सोने-चांदी के आभूषण, दो लाख रुपये नकद समेत महंगे कपड़े और इलेक्ट्रॉनिक सामान चोरी कर लिया। घटना के बाद गृहस्वामी ने करीब 20 से 22 लाख रुपये के नुकसान का दावा किया है।

मुड़िला निवासी अजय कुमार सिंह अपनी पत्नी अंजना सिंह का जन्मदिन मनाने के लिए 22 सितंबर को घर में ताला लगाकर बोकारो गए थे। 24 सितंबर को जन्मदिन मनाने के बाद सोमवार देर रात दोनों वापस गांव पहुंचे। मकान के बाहर पहुंचते ही उन्हें चोरी का पता चला।

चारदीवारी के भीतर कपड़े और अन्य सामान बिखरा पड़ा था। मुख्य गेट का ताला टूटा हुआ था। घर के अंदर पहुंचने पर कमरे का ताला भी टूटा मिला और अलमारी क्षतिग्रस्त थी। उसमें रखे आभूषण और नकदी गायब मिले।

चोरों ने घर में चोरी के साथ काफी तोड़फोड़ भी की। एलईडी टीवी खोलने का प्रयास किया गया, लेकिन सफल नहीं होने पर उसे क्षतिग्रस्त कर दिया। साउंड सिस्टम, पंखे और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को भी नुकसान पहुंचाया गया। कुछ सामान घर की बाउंड्री के बाहर फेंका हुआ मिला।

सूचना मिलने पर कुटुंबा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थानाध्यक्ष चंद्रहास सिंह के अनुसार, गृहस्वामी के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। घटनास्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए एफएसएल और डॉग स्क्वायड की टीम को बुलाया गया। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर संदिग्ध गतिविधियों के बारे में जानकारी जुटा रही है।

ग्रामीणों का कहना है कि मुड़िला में पहले भी चोरी की घटनाएं हो चुकी हैं। चार सितंबर को गांव के तीन मंदिरों से पीतल की घंटियां चोरी हुई थीं। इससे पहले बधार में सिंचाई के लिए लगाए गए मोटर की चोरी की घटना भी सामने आई थी।

ग्रामीणों के मुताबिक मंदिरों में चोरी के बाद तत्कालीन थानाध्यक्ष ने दो होमगार्ड जवानों की तैनाती की थी। कुछ समय तक चोरी की घटनाओं पर रोक लगी, लेकिन बाद में जवानों को हटा दिया गया। ग्रामीणों ने गांव में नियमित पुलिस गश्त बढ़ाने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।


कालिंदी खाल से सभी 19 ट्रेकर्स का सकुशल रेस्क्यू, अभियान पूर्ण

बारिश और बर्फबारी के बीच चला रेस्क्यू अभियान

उत्तरकाशी। उत्तरकाशी के दुर्गम कालिंदी खाल ट्रेक में फंसे सभी 19 ट्रेकर्स को एसडीआरएफ की टीम ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया है। खराब मौसम, लगातार बारिश और बर्फबारी के बीच चलाया गया रेस्क्यू अभियान सफलतापूर्वक पूरा हो गया। सभी ट्रेकर्स को सुरक्षित हर्षिल पहुंचा दिया गया है।

सेनानायक एसडीआरएफ अर्पण यदुवंशी के निर्देश पर रेस्क्यू अभियान चलाया गया। इस दौरान एसडीआरएफ की विशेषज्ञ हाई एल्टीट्यूड रेस्क्यू टीम ने दुर्गम क्षेत्र में पहुंचकर पहले स्थिति का जायजा लिया और फिर ट्रेकर्स को सुरक्षित निकालने की कार्रवाई शुरू की।

रेस्क्यू अभियान के दौरान लगातार बारिश और बर्फबारी के कारण टीम को कई चुनौतियों का सामना करना पड़ा। प्रतिकूल मौसम के चलते अभियान प्रभावित हुआ, लेकिन मौसम अनुकूल होने पर एसडीआरएफ की टीम ने दोबारा रेस्क्यू कार्य शुरू किया। टीम की कड़ी मेहनत और सूझबूझ से सभी 19 ट्रेकर्स को सुरक्षित निकालने में सफलता मिली।

सभी ट्रेकर्स के सुरक्षित बाहर निकलने के साथ ही कालिंदी खाल रेस्क्यू अभियान संपन्न हो गया है।


गुरुग्राम में दूध विक्रेता पर चाकू से हमला, 12 हजार रुपये लूटे; आरोपित गिरफ्तार

गुरुग्राम। सेक्टर-7 मार्केट के पास सोमवार रात दूध सप्लाई करने वाले एक व्यक्ति पर चाकू से हमला कर 12 हजार रुपये लूटने का मामला सामने आया है। हमले में घायल व्यक्ति को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने उसका बयान दर्ज करने के बाद रात में ही एक आरोपित को गिरफ्तार कर लिया।

न्यू कॉलोनी निवासी नरेंद्र भड़ाना दूध सप्लाई का काम करते हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि सोमवार रात करीब नौ बजे वह रोजाना की तरह सेक्टर-7 मार्केट में दूध की डिलीवरी और कलेक्शन के लिए गए थे। काम पूरा करने के बाद उनके पास कलेक्शन के 12 हजार रुपये नकद थे।

वापस लौटते समय सुनसान स्थान पर एक युवक ने उन्हें रोक लिया और चाकू से हमला कर दिया। आरोपित ने नरेंद्र के पेट और सीने पर वार किए। उन्होंने बचाव करते हुए हमलावर को पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन वह 12 हजार रुपये से भरा बैग लेकर मौके से फरार हो गया।

हमले में नरेंद्र गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े। आसपास मौजूद लोगों ने घटना की सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद उन्हें नजदीकी सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया।

न्यू कॉलोनी थाना पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर घायल का बयान दर्ज किया और आरोपित की पहचान के बाद उसे रात में ही पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपित की पहचान कृष्णा कॉलोनी निवासी हरप्रीत सिंह उर्फ बॉबी के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में वारदात के पीछे आपसी रंजिश की बात सामने आ रही है। मामले की जांच जारी है


ओडिशा में बाढ़ का कहर, चार दिन में 1.40 लाख लोगों को सुरक्षित निकाला गया

भुवनेश्वर। ओडिशा में बाढ़ की नई लहर से कई जिले प्रभावित हुए हैं। स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने पिछले चार दिनों में निचले इलाकों में रहने वाले करीब 1.40 लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी के मुताबिक, राहत और बचाव कार्य लगातार जारी हैं।

मंत्री ने बताया कि 1,360 ग्राम पंचायतों के तहत आने वाले 7,834 गांवों के निचले इलाकों से लोगों को निकाला गया है। इसके अलावा 38 शहरी स्थानीय निकायों के 219 वार्ड भी बाढ़ से प्रभावित हुए हैं।

हीराकुंड बांध से अतिरिक्त पानी छोड़े जाने के बाद महानदी में भी बाढ़ की स्थिति बनी है। जल संसाधन विभाग के इंजीनियर-इन-चीफ दिलीप कुमार राउत ने बताया कि कटक के पास मुंडाली गेज स्टेशन पर नदी का बहाव करीब आठ लाख क्यूसेक दर्ज किया गया। उनके अनुसार, मुंडाली में 10 लाख क्यूसेक से अधिक पानी का बहाव बड़ी बाढ़ की स्थिति मानी जाती है।

बढ़ते जलस्तर को देखते हुए कटक, खुर्दा, पुरी, जगतसिंहपुर और केंद्रपाड़ा जिला प्रशासन को अलर्ट किया गया है। अधिकारियों की आशंका है कि महानदी डेल्टा क्षेत्र के कई गांवों में पानी पहुंच सकता है। हालांकि, सरकार को उम्मीद है कि अगले 24 घंटे में स्थिति में सुधार शुरू हो जाएगा।

सबसे ज्यादा प्रभावित बालासोर जिले में सुवर्णरेखा, बुधाबलंग और जलका नदियों की बाढ़ से 11 ब्लॉक के 3.5 लाख से अधिक लोग प्रभावित बताए गए हैं। अधिकारियों के मुताबिक, बालासोर, भद्रक और जाजपुर के कई गांवों में करीब तीन फीट तक पानी जमा है।

राउत ने बताया कि उत्तरी ओडिशा की कई नदियों का जलस्तर अब घट रहा है और वे खतरे के निशान से नीचे बह रही हैं। वहीं, हीराकुंड बांध के 30 स्लुइस गेट से पानी छोड़ा जा रहा है। प्रशासन को स्थानीय बाढ़, जलभराव और जरूरत पड़ने पर शहरी अंडरपास बंद करने को लेकर तत्काल कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं।

इसके साथ ही भूस्खलन प्रभावित और जलभराव वाले क्षेत्रों में बागवानी फसलों तथा खड़ी फसलों को होने वाले नुकसान पर नजर रखने के लिए भी अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।


20 साल पुरानी रंजिश में ग्रामीण की बांका से हत्या, वारदात के बाद आरोपित फरार

पीलीभीत। पूरनपुर कोतवाली क्षेत्र के बिलहरी गांव में मंगलवार सुबह पुरानी रंजिश के चलते एक ग्रामीण की धारदार हथियार से हमला कर हत्या कर दी गई। घटना के बाद आरोपित मौके से फरार हो गए। वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस टीम गांव पहुंची और जांच शुरू कर दी। तनाव को देखते हुए गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है।

बताया गया कि बिलहरी निवासी वेदराम का करीब 20 वर्ष पहले गांव के ही कुछ लोगों से विवाद हुआ था। उस दौरान मारपीट और हमले की घटना में एक युवक की मौत हो गई थी। इसी घटना को लेकर दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से रंजिश चली आ रही थी।

मंगलवार सुबह करीब आठ बजे वेदराम घर से खेत की ओर शौच के लिए जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में उनकी कुछ लोगों से कहासुनी हो गई। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर उन पर बांका से कई वार किए गए। गंभीर चोट लगने के कारण वेदराम की मौके पर ही मौत हो गई।

घटना की जानकारी मिलने पर कोतवाली इंस्पेक्टर पवन कुमार पांडेय पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल की पड़ताल की। वारदात के बाद आरोपित फरार हो गए।

घटना के बाद गांव में दहशत और तनाव का माहौल है। पुलिस ने स्थिति को देखते हुए गांव में तैनाती कर दी है। ग्रामीणों ने शव उठाने से पहले आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग की है।


अवैध निर्माणों पर एमडीडीए की कार्रवाई, दो भवन सील

अवैध निर्माण और व्यावसायिक गतिविधियों के खिलाफ लगातार जारी है एमडीडीए का अभियान

देहरादून – मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अवैध निर्माण और बिना स्वीकृति किए जा रहे निर्माण कार्यों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। प्राधिकरण की ओर से शहर और आसपास के क्षेत्रों में निर्माण गतिविधियों की निगरानी के साथ-साथ नियमों का उल्लंघन करने वाले भवनों पर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में देहरादून में दो अलग-अलग मामलों में भवनों को सील किया गया। एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी और सचिव मोहन सिंह बर्निया के निर्देशन में प्राधिकरण की टीम लगातार ऐसे निर्माणों को चिन्हित कर कार्रवाई कर रही है, जो स्वीकृत मानकों और प्राधिकरण के नियमों के अनुरूप नहीं हैं। प्राधिकरण का कहना है कि अवैध निर्माण और अनधिकृत व्यावसायिक गतिविधियों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

माजरा में भवन निर्माण पर कार्रवाई
पहली कार्रवाई लाल बहादुर शास्त्री मार्ग, माजरा, देहरादून में की गई। यहां इकराम द्वारा संबंधित स्थल पर भूतल एवं प्रथम तल पर भवन निर्माण किया जा रहा था। प्राधिकरण की ओर से इस निर्माण के संबंध में उत्तराखण्ड (उ.प्र.) नगर योजना एवं विकास अधिनियम, 1973 के संशोधन अधिनियम, 2009 की सुसंगत धाराओं के तहत कार्रवाई की गई।इस मामले को वाद संख्या आर-0439/एस-1/2022 के रूप में दर्ज किया गया था। प्राधिकरण के अभिलेखों में यह वाद आनन्द बसेरा के नाम से दर्ज है। नियमानुसार प्रक्रिया के बाद सोमवार को संबंधित भवन को सील कर दिया गया।

बंगाली कोठी में व्यावसायिक निर्माण सील
दूसरी कार्रवाई बंगाली कोठी, मोधरोवाला रोड, देहरादून में की गई। यहां एम.एस. रावत द्वारा संबंधित स्थल पर व्यावसायिक निर्माण कार्य किया जा रहा था। प्राधिकरण की ओर से निर्माण गतिविधि के संबंध में नियमानुसार कार्रवाई करते हुए उत्तराखण्ड (उ.प्र.) नगर योजना एवं विकास अधिनियम, 1973 के संशोधन अधिनियम, 2009 की सुसंगत धाराओं के तहत वाद दर्ज किया गया। यह मामला वाद संख्या सी-03076/एस-2/2026 के रूप में योजित किया गया है। प्राधिकरण की टीम ने सोमवार को मौके पर पहुंचकर संबंधित निर्माण को सील कर दिया।

नियमों का पालन करने की अपील
एमडीडीए की कार्रवाई का उद्देश्य प्राधिकरण क्षेत्र में नियोजित और व्यवस्थित विकास सुनिश्चित करना है। प्राधिकरण की ओर से भवन स्वामियों और निर्माणकर्ताओं से अपील की गई है कि किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य शुरू करने से पहले संबंधित स्वीकृतियां और मानचित्र की स्थिति सुनिश्चित करें। बिना अनुमति या स्वीकृत मानकों के विपरीत किए जाने वाले निर्माण पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।एमडीडीए अधिकारियों के अनुसार शहर के विभिन्न क्षेत्रों में निर्माण गतिविधियों की निगरानी जारी है। अवैध निर्माण और अनधिकृत प्लाटिंग को लेकर प्राधिकरण की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।

एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माण और अनधिकृत प्लाटिंग के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। नियमों का उल्लंघन कर किए जा रहे निर्माण को किसी भी स्थिति में प्रोत्साहित नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि चिन्हित मामलों में नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। हमारा प्रयास है कि देहरादून का विकास सुनियोजित, सुरक्षित और निर्धारित मानकों के अनुरूप हो।

एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्राधिकरण की टीमें निर्माण गतिविधियों की लगातार निगरानी कर रही हैं। बिना स्वीकृति अथवा निर्धारित मानकों के विपरीत किए जा रहे निर्माण पर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्राधिकरण का उद्देश्य केवल कार्रवाई करना नहीं, बल्कि क्षेत्र में नियोजित विकास व्यवस्था को मजबूत करना भी है। अवैध निर्माण और प्लाटिंग के मामलों में नियमों के अनुसार आगे भी सख्ती बरती जाएगी।


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