Saturday, October 10th, 2026

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पोषण माह के समापन पर आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों को किया सम्मानित

Daily Archives: 10/10/2026

पोषण माह के समापन पर आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों को किया सम्मानित

सेवा संकल्प अभियान के तहत थलीसैंण में आयोजित हुआ कार्यक्रम, महिलाओं और किशोरी बालिकाओं को पोषण किट वितरित

पौड़ी- सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत पोषण माह के समापन पर बाल विकास परियोजना कार्यालय थलीसैंण में कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत सहित अन्य अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर आंगनबाड़ी केंद्र के बच्चों ने सरस्वती वंदना और स्वागत गीत प्रस्तुत कर अतिथियों का स्वागत किया।

कार्यक्रम के दौरान बाल विकास परियोजना अधिकारी ने परियोजना थलीसैंण की वार्षिक प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों के समर्पण, सेवाभाव और मातृ-शिशु स्वास्थ्य एवं पोषण के क्षेत्र में उनके महत्वपूर्ण योगदान की सराहना करते हुए उन्हें प्रशस्ति पत्र एवं शॉल भेंट कर सम्मानित किया गया।

कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियां बच्चों के सर्वांगीण विकास, कुपोषण दूर करने और समाज में पोषण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उनके अथक प्रयासों से स्वस्थ एवं सुपोषित समाज के निर्माण को नई दिशा मिल रही है। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य की देखभाल के साथ ही गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं और बच्चों को पोषण संबंधी जानकारी उपलब्ध कराने में भी आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों का योगदान सराहनीय है।

कार्यक्रम में छह महिलाओं को पोषण किट, 10 किशोरी बालिकाओं को किशोरी पोषण किट तथा पांच लाभार्थियों को महालक्ष्मी किट वितरित की गई। इसके साथ ही बालिकाओं को बालिका नेम प्लेट प्रदान की गई। कार्यक्रम के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों की ओर से तैयार की गई पोषण प्रदर्शनी का अवलोकन भी कराया गया। प्रदर्शनी के माध्यम से पौष्टिक आहार और संतुलित भोजन के महत्व की जानकारी दी गई।

इस अवसर पर जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष पंकज रावत, ज्येष्ठ प्रमुख सुनीता रावत, बाल विकास परियोजना अधिकारी पूजा, सुपरवाइजर बबीता चौहान,
ब्लॉक कोऑर्डिनेटर मुकेश कुमार, अमित, विभिन्न सेक्टरों की सुपरवाइजर, आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियां तथा लाभार्थी उपस्थित रहे।


पाबौ में पशुपालन विभाग ने लगाया जन-जागरूकता एवं पशु चिकित्सा शिविर, 40 पशुपालक लाभान्वित

पौड़ी- जनपद में पशुपालकों को विभागीय योजनाओं की जानकारी देने तथा पशुधन के स्वास्थ्य एवं उत्पादकता में सुधार के उद्देश्य से पशुपालन विभाग द्वारा विकासखंड पाबौ में जन-जागरूकता एवं पशु चिकित्सा शिविर आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा के निर्देशन में आयोजित शिविर में पशुपालकों को आधुनिक पशुपालन पद्धतियों, पशुओं के बेहतर स्वास्थ्य और रोगों से बचाव के संबंध में जानकारी दी गई।

शिविर में पशुपालकों को विभाग द्वारा संचालित विभिन्न राज्य एवं केंद्र सरकार की लाभार्थीपरक योजनाओं की जानकारी देने के साथ ही संतुलित पशु आहार, नियमित टीकाकरण, कृमिनाशक दवाओं के उपयोग तथा पशुओं को विभिन्न बीमारियों से बचाने के उपायों के बारे में बताया गया। साथ ही पशुधन बीमा के महत्व से अवगत कराते हुए पशुपालकों को बीमा योजना का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया गया।

शिविर के दौरान पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर आवश्यक उपचार किया गया। इस अवसर पर 25 पशुपालकों को दवाएं वितरित की गईं, जबकि 11 पशुपालकों को पशुओं में बांझपन निवारण संबंधी दवाएं उपलब्ध कराई गईं। इसके अतिरिक्त 40 पशुपालकों को चारा बीज वितरित कर लाभान्वित किया गया। शिविर में कुल 40 लाभार्थियों ने प्रतिभाग किया। पशुपालकों की समस्याओं का समाधान करते हुए उन्हें पशुओं की नियमित देखभाल, समय पर टीकाकरण और संतुलित पोषण सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक परामर्श भी दिया गया।

मुख्य पशु चिकित्साधिकारी पौड़ी डॉ. विशाल शर्मा ने पशुपालकों से विभागीय योजनाओं एवं सेवाओं का अधिकाधिक लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि जागरूकता, नियमित पशु चिकित्सा और वैज्ञानिक पशुपालन पद्धतियों को अपनाकर पशुधन के स्वास्थ्य एवं उत्पादकता में सुधार के साथ पशुपालकों की आजीविका को भी सुदृढ़ किया जा सकता है।


सिरासू में पर्यटन सुविधाओं के विस्तार और स्थानीय स्वरोजगार को मिलेगा बढ़ावा, जिलाधिकारी ने किया भ्रमण

राफ्टिंग-बोटिंग, होमस्टे और वेडिंग डेस्टिनेशन के विकास पर जोर; युवाओं एवं महिलाओं के लिए रोजगारपरक प्रशिक्षण कराने के निर्देश

पौड़ी- विकासखंड यमकेश्वर के सिरासू क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी ने क्षेत्र का भ्रमण कर विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने पर्यटन सुविधाओं के विकास, स्थानीय युवाओं एवं महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और पर्यटकों के लिए आवश्यक आधारभूत सुविधाएं विकसित करने पर जोर दिया।

जिलाधिकारी ने बताया कि सिरासू के समग्र विकास के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) शासन को भेजी गई है, जिसमें दुकानें, वाटर पार्क, चिल्ड्रन पार्क, कॉटेज सहित विभिन्न सुविधाओं के विकास का प्रस्ताव शामिल है। उन्होंने बच्चों के पार्क का निरीक्षण करते हुए वहां नए और आकर्षक झूले, सेल्फी पॉइंट विकसित करने तथा विद्युत व्यवस्था और शौचालय जैसी सुविधाओं के लिए प्राक्कलन तैयार करने के निर्देश जिला पंचायत राज अधिकारी को दिए। साथ ही पार्किंग व्यवस्था विकसित करने के लिए टिहरी प्रशासन से समन्वय स्थापित करने को कहा। पार्क का विकास ग्राम पंचायत तथा बच्चों के खेल मैदान का निर्माण ग्राम पंचायत एवं मनरेगा के माध्यम से कराने के निर्देश भी दिए।

क्षेत्र में राफ्टिंग एवं बोटिंग की संभावनाओं को देखते हुए जिलाधिकारी ने जिला पर्यटन अधिकारी को संभावित स्थलों का सर्वे कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने दुकानों के लिए आवश्यक भूमि हस्तांतरण संबंधी प्रस्ताव तैयार करने, बोटिंग के प्रस्ताव पर नियमानुसार कार्रवाई करते हुए संबंधित स्ट्रेच का चिन्हीकरण करने को कहा, ताकि आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद इन गतिविधियों को शुरू किया जा सके।

भ्रमण के दौरान जिलाधिकारी ने स्थानीय महिलाओं एवं युवतियों से संवाद कर उनकी प्रशिक्षण संबंधी आवश्यकताओं की जानकारी ली। उन्होंने खंड विकास अधिकारी को नवंबर माह से फोटोग्राफी, कैटरिंग और मेक अप आर्टिस्ट संबंधी प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू कराने की दिशा में कार्यवाही करने के निर्देश दिए। ब्यूटी पार्लर का प्रशिक्षण लेने वाली युवतियों को स्थानीय रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए होटल संचालकों एवं फोटोग्राफरों के साथ समन्वय स्थापित करने को भी कहा। ग्रामीणों ने क्षेत्र में होमस्टे एवं ब्यूटी पार्लर स्थापित करने के प्रस्तावों की जानकारी दी। इस पर जिलाधिकारी ने इच्छुक लोगों को होमस्टे के लिए प्रोत्साहित करते हुए उपयुक्त स्थलों का चिन्हीकरण करने और ऋण सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित लोगों से 10 नवंबर से पहले होमस्टे के लिए आवेदन करने को कहा। क्षेत्र में कैंटीन विकसित करने की संभावनाओं पर भी चर्चा की गई।

जिलाधिकारी ने ग्राम पंचायत की सराहना करते हुए बताया कि ग्राम पंचायत द्वारा गांव को प्री वेडिंग शूट डेस्टिनेशन के रूप में विकसित किया गया है, जिससे स्थानीय लोगों को स्वरोजगार के अवसर मिल रहे हैं। प्री वेडिंग शूट में शामिल होने वाले लोग रात्रि में भी यहां नहीं ठहरते हैं। इसे देखते हुए उन्होंने स्थल पर सुविधाओं का और विस्तार करने पर जोर दिया, ताकि स्थानीय लोगों को रोजगार के अधिक अवसर मिल सकें और क्षेत्र की पहचान मजबूत हो। उन्होंने पर्यटन स्थलों पर स्वच्छता बनाए रखने तथा गंदगी की रोकथाम के लिए प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। ग्रामीणों द्वारा बंदरों के आतंक की समस्या उठाए जाने पर उन्होंने वन विभाग से समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्रवाई करने को कहा। इस दौरान उन्होंने अंतरराष्ट्रीय शांति निकेतन का भी भ्रमण किया तथा वहां मौजूद पर्यटकों से संवाद कर क्षेत्र में उपलब्ध पर्यटन सुविधाओं और व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी भी ली।

इस अवसर पर ग्राम प्रधान पवित्रा देवी, जिला पंचायत राज अधिकारी जितेंद्र कुमार, जिला पर्यटन अधिकारी कमल किशोर जोशी, तहसीलदार वैभव जोशी, खंड विकास अधिकारी आकाश बेलवाल, एडीओ पंचायत आदेश सैनी, प्रीतम सिंह राणा एवं कानूनगो सत्यपाल चौहान सहित संबंधित अधिकारी और स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे।


सेवा संकल्प अभियान के तहत रायपुर विधानसभा में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया प्रतिभाग

स्वास्थ्य मंत्री एवं जनपद प्रभारी मंत्री सुबोध उनियाल ने शिविर में कराया स्वास्थ्य परीक्षण

 चिकित्सा शिविर के माध्यम से 44 प्रकार की जांच की सुविधा उपलब्ध

कृषि विभाग द्वारा कृषि यंत्र एवं मशरूम मिनीकिट तथा बाल विकास विभाग द्वारा महालक्ष्मी किट एवं किशोरी किट वितरित

श्रम विभाग ने 500 से अधिक श्रमिक परिवारों को पोषण, स्वच्छता एवं शिक्षा किट उपलब्ध कराईं

 सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाने और जनसमस्याओं के समयबद्ध समाधान पर जोर

देहरादून- सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत शनिवार को रायपुर क्षेत्र के नालापानी स्थित महाराणा प्रताप सामुदायिक भवन में बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, प्रभारी मंत्री सुबोध उनियाल एवं विधायक, उमेश शर्मा काऊ, ने प्रतिभाग किया।

इस दौरान प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री एवं देहरादून जनपद के प्रभारी मंत्री सुबोध उनियाल ने स्वास्थ्य शिविर में अपना स्वास्थ्य परीक्षण कराया। साथ ही उन्होंने शिविर के माध्यम से आमजन को स्वास्थ्य जांच की सुविधा उपलब्ध कराने और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया। स्वास्थ्य शिविर में 44 प्रकार की जांच की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे स्थानीय लोगों को अपने क्षेत्र में ही स्वास्थ्य जांच कराने का अवसर मिल रहा है।

शिविर में कृषि विभाग द्वारा लाभार्थियों को कृषि यंत्र एवं मशरूम मिनीकिट वितरित की गईं। बाल विकास विभाग के माध्यम से महालक्ष्मी किट एवं किशोरी किट प्रदान की गईं। वहीं, श्रम विभाग द्वारा 500 से अधिक श्रमिक परिवारों को पोषण किट, स्वच्छता किट एवं शिक्षा किट उपलब्ध कराई गईं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित बहुउद्देशीय शिविरों को सरकार की योजनाओं एवं सेवाओं को सीधे आमजन तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम बताया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शिविरों में प्राप्त जनसमस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि लोगों को अपने कार्यों के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।

जिला प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे बहुउद्देशीय शिविरों में अधिक से अधिक संख्या में प्रतिभाग करें तथा कृषि, श्रम, बाल विकास, स्वास्थ्य सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं एवं सेवाओं की जानकारी प्राप्त कर पात्रतानुसार लाभ उठाएं। शिविरों का उद्देश्य सरकारी सेवाओं को जनता के निकट उपलब्ध कराना तथा सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ आमजन तक पहुंचाना है।

इस अवसर पर जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान, एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी, नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडे, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र डोभाल, मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह सहित जनप्रतिनिधिगण एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।


संभल में बच्चों से मोबाइल चोरी कराने वाले गिरोह का खुलासा, 42 फोन बरामद; चार गिरफ्तार

बहजोई । उत्तर प्रदेश के संभल जिले में पुलिस ने मोबाइल चोरी करने वाले कथित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए एक नाबालिग समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गिरोह बिहार और झारखंड से बच्चों को लाकर भीड़भाड़ वाले बाजारों में उनसे मोबाइल चोरी करवाता था। इसके बदले बच्चों को 300 से 500 रुपये दिए जाते थे, जबकि चोरी किए गए फोन दिल्ली के फुटपाथ बाजारों में बेच दिए जाते थे।

पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से अलग-अलग कंपनियों के 42 एंड्रॉयड मोबाइल फोन और चोरी का एक आधार कार्ड बरामद किया है। बरामद मोबाइल की अनुमानित कीमत करीब 10 लाख रुपये बताई गई है। एसपी विकास चंद्र त्रिपाठी ने बताया कि गुन्नौर क्षेत्र में हुई मोबाइल चोरी की घटनाओं की जांच के दौरान पुलिस को इस गिरोह के बारे में जानकारी मिली।

पुलिस के मुताबिक, 8 अक्टूबर को गुन्नौर बाजार में बबराला निवासी ओमप्रकाश और जगन्नाथपुर निवासी इमरान के मोबाइल फोन चोरी हो गए थे। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। बाजार में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने पर संदिग्धों के बारे में सुराग मिला।

जांच के आधार पर पुलिस ने पहले एक नाबालिग को जवाहर चौराहे के पास देखा। इसके बाद आसपास तलाश करते हुए तीन अन्य आरोपितों को पास के एक बंद पड़े सर्विस स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया गया।

पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए तीन वयस्क आरोपित झारखंड के साहेबगंज जिले के तालझाड़ी थाना क्षेत्र के महाराजपुर और नया टोला कल्याणी गांव के रहने वाले हैं। इनमें दिनेश कुमार मेहतो और करन कुमार अलीगढ़ के विष्णुपुरी क्षेत्र में रह रहे थे, जबकि सुरंजन कुमार शाह मसूदाबाद की नई बस्ती में रह रहा था।

थाना प्रभारी संजय कुमार के मुताबिक, वारदात के बाद चारों गुन्नौर में ही ठहरे हुए थे और शनिवार सुबह जुनावई की साप्ताहिक बाजार जाने की तैयारी कर रहे थे। इसी दौरान पुलिस ने कार्रवाई कर उन्हें पकड़ लिया।

पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि गिरोह के सदस्य कथित तौर पर बिहार और झारखंड से बच्चों को अपने साथ लाते थे। अलग-अलग शहरों में किराये के मकान लेकर रहते और बच्चों से बाजारों में मोबाइल चोरी करवाते थे। पुलिस को संभल के अलावा हाथरस, कासगंज, एटा और अलीगढ़ में भी इस तरह की वारदातों में गिरोह की संलिप्तता की आशंका है।

जांच के अनुसार, किसी जिले में पुलिस की कार्रवाई तेज होने पर गिरोह दूसरे जिले में जाकर वारदात करता था। चोरी किए गए मोबाइल बाद में दिल्ली के फुटपाथ बाजारों में बेचने की बात सामने आई है। पुलिस बरामद फोन के मालिकों की पहचान करने और अन्य संभावित घटनाओं से गिरोह का संबंध पता लगाने में जुटी है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के आधार पर की जाएगी।


बक्सर में युवक की गोली मारकर हत्या, नहर किनारे मिला शव; जांच में जुटी पुलिस

बक्सर। बिहार के बक्सर जिले में शनिवार दोपहर एक 30 वर्षीय युवक की हत्या का मामला सामने आया है। संभार-महरौरा मार्ग पर सरकारी बोरिंग के पास मुलायम यादव का शव नहर किनारे मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। युवक के शरीर पर खून के निशान मिलने के बाद गोली मारकर हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है। सूचना मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम घटनास्थल पर पहुंची और जांच शुरू कर दी।

मृतक संभार गांव के रहने वाले उदय नारायण सिंह उर्फ वकील सिंह का अविवाहित बेटा था। परिजनों के अनुसार, मुलायम शनिवार सुबह करीब 9:30 बजे अपने बहनोई रौशन यादव की बाइक लेकर बाजार जाने के लिए घर से निकला था। इसके बाद उसकी हत्या की खबर मिली।

घटनास्थल की जांच के दौरान पुलिस को शव से करीब 200 मीटर की दूरी पर एक चप्पल मिली। वहीं, दूसरी चप्पल और एक गमछा लगभग 100 मीटर दूर बरामद हुआ। मौके से एक लावारिस ब्रेसलेट भी मिला है। युवक की कनपटी, कान और गर्दन के आसपास खून के निशान पाए गए हैं। पुलिस इन सभी साक्ष्यों को जांच का हिस्सा बना रही है।

घटना के पीछे की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है। इलाके में भूमि विवाद को लेकर चर्चा जरूर है, लेकिन पुलिस ने फिलहाल किसी कारण की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। अधिकारियों का कहना है कि हत्या की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और वैज्ञानिक जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

थानाध्यक्ष संजय कुमार सिन्हा पुलिस बल और एफएसएल टीम के साथ मौके पर पहुंचे तथा घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। डुमरांव के डीएसपी समीर कुमार सिंह ने बताया कि परिजनों के बयान और मौके से मिले सबूतों के आधार पर सभी संभावित पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले में शामिल आरोपितों की पहचान कर उन्हें जल्द गिरफ्तार करने का प्रयास किया जा रहा है।


राहुल गांधी की बयानबाजी के विरोध में भाजपा का प्रदर्शन, फूंका पुतला

गणेश जोशी बोले- राष्ट्रीय सुरक्षा पर राजनीति ठीक नहीं

देहरादून। कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बयानों को लेकर देहरादून में भाजपा कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी के नेतृत्व में हाथीबड़कला में भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने राहुल गांधी का पुतला दहन कर नाराजगी जताई। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय सुरक्षा, भारतीय सेना के सम्मान और संवेदनशील राष्ट्रीय मुद्दों पर कांग्रेस के रुख को लेकर सवाल उठाए।

प्रदर्शन के दौरान कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है, जहां सभी निर्णय संविधान, नियम-कानून और निर्धारित प्रक्रियाओं के अनुसार लिए जाते हैं। उन्होंने कहा कि स्पेक्ट्रम आवंटन जैसे महत्वपूर्ण मामलों में पारदर्शिता, निष्पक्षता और राष्ट्रीय हितों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। ऐसे निर्णय किसी व्यक्ति या राजनीतिक दल के दबाव में नहीं, बल्कि निर्धारित नियमों के तहत होने चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि स्पेक्ट्रम आवंटन की प्रक्रिया का इंतजार कर रही विभिन्न कंपनियों के हितों के साथ-साथ राष्ट्रीय सुरक्षा का ध्यान रखना भी जरूरी है।

राष्ट्रीय सुरक्षा और सेना के सम्मान पर राजनीति न करने की अपील

गणेश जोशी ने आतंकवादी हमलों और भारतीय सेना से जुड़े मुद्दों पर राहुल गांधी के रुख पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा, सेना के सम्मान और संवैधानिक संस्थाओं की गरिमा से जुड़े विषय बेहद संवेदनशील हैं। ऐसे मामलों में सभी राजनीतिक दलों को जिम्मेदारी और संयम के साथ अपनी बात रखनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष की प्रतिक्रियाएं कई बार राष्ट्रीय हितों के प्रति उसकी प्रतिबद्धता पर सवाल खड़े करती हैं।

स्टारलिंक को लेकर कांग्रेस से मांगा जवाब

कैबिनेट मंत्री ने कांग्रेस के पुराने बयानों का जिक्र करते हुए कहा कि पार्टी के नेता पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उद्योगपति एलन मस्क के सामने झुकने के आरोप लगाते रहे हैं। वहीं, कांग्रेस की ओर से पहले स्टारलिंक को देश की सुरक्षा के लिए खतरा बताए जाने की बात भी सामने आई थी।

उन्होंने सवाल उठाया कि सुरक्षा को लेकर पहले जताई गई आशंकाओं और अब अपनाए जा रहे रुख में अंतर क्यों दिखाई दे रहा है। गणेश जोशी ने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे गंभीर विषयों पर राजनीतिक परिस्थितियों के अनुसार अपना रुख बदलना उचित नहीं है। कांग्रेस को इन मुद्दों पर अपना पक्ष स्पष्ट करना चाहिए।

मोदी सरकार पर जताया भरोसा

गणेश जोशी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार देश की सुरक्षा, मोबाइल नेटवर्क की विश्वसनीयता और संचार व्यवस्था को मजबूत करने के लिए काम कर रही है। उन्होंने कहा कि स्पेक्ट्रम आवंटन की प्रक्रिया पारदर्शी और निर्धारित नियमों के अनुरूप होनी चाहिए। देश के संसाधनों का इस्तेमाल और आवंटन राजनीतिक दबाव या मनमर्जी के बजाय निष्पक्ष व्यवस्था के आधार पर किया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में राजनीतिक विरोध स्वाभाविक है, लेकिन देश की सुरक्षा और सेना के सम्मान से जुड़े विषयों पर गैर-जिम्मेदाराना बयानबाजी से बचना चाहिए। गणेश जोशी ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता राष्ट्रहित से जुड़े मुद्दों पर अपनी आवाज उठाते रहेंगे और राहुल गांधी के बयानों के विरोध में प्रदेशभर में अपना विरोध जारी रखेंगे।

प्रदर्शन के दौरान राज्यमंत्री कर्नल रघुबीर सिंह भंडारी, राज्यमंत्री शमशेर सिंह बिष्ट, भाजपा मंडल अध्यक्ष प्रदीप रावत, राजीव गुरुंग समेत बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय लोग मौजूद रहे।


सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी से पूर्व सैनिक संगठनों के पदाधिकारियों एवं पूर्व सैनिकों ने की भेंट

उपनल से कार्यरत पूर्व सैनिकों को समान कार्य-समान वेतन का लाभ मिलने पर सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी का पूर्व सैनिक संगठनों ने जताया आभार

देहरादून। सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी से आज उनके कैंप कार्यालय में विभिन्न पूर्व सैनिक संगठनों के पदाधिकारियों एवं पूर्व सैनिकों ने भेंट की। इस दौरान उपनल के माध्यम से ऊर्जा विभाग के निगमों में कार्यरत पूर्व सैनिकों को समान कार्य-समान वेतन का लाभ दिलाने के लिए उन्होंने मंत्री गणेश जोशी का आभार व्यक्त किया।

इस अवसर पर सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि प्रदेश सरकार सैनिकों, पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों के कल्याण एवं हितों के संरक्षण के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि देश की सीमाओं की रक्षा करने वाले वीर सैनिकों और उनके परिवारों का सम्मान तथा उनके कल्याण को सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है।

सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि राज्य सरकार सैनिकों के सम्मान और उनके हितों को ध्यान में रखते हुए लगातार महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। इसी क्रम में परमवीर चक्र से सम्मानित वीर सैनिकों को दी जाने वाली अनुग्रह राशि को ₹1.50 करोड़ से बढ़ाकर ₹2 करोड़ किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार सैनिकों और पूर्व सैनिकों के कल्याण के प्रति प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि उपनल के माध्यम से कार्यरत जिन पूर्व सैनिकों को अभी तक इसका लाभ नहीं मिल पाया है, उन्हें भी नियमानुसार इस लाभ के दायरे में लाने के लिए प्रयास किए जाएंगे। सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि पात्र पूर्व सैनिकों को उनका अधिकार मिले। उन्होंने कहा कि सैनिकों और पूर्व सैनिकों ने अपना जीवन देश की सेवा और सुरक्षा के लिए समर्पित किया है। उनके सम्मान, कल्याण और अधिकारों की रक्षा करना हम सभी का दायित्व है। राज्य सरकार पूर्व सैनिकों एवं उनके आश्रितों के हित में आगे भी आवश्यक कदम उठाती रहेगी।

इस अवसर पर दायित्वधारी शमशेर सिंह बिष्ट सहित कई पूर्व सैनिक उपस्थित रहे।


जनसमस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करें अधिकारी- मुख्यमंत्री

लोगों को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें : मुख्यमंत्री

सेवा संकल्प अभियान के तहत देहरादून में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में मुख्यमंत्री ने किया प्रतिभाग, विभागीय स्टॉलों का किया अवलोकन

मुख्यमंत्री ने लाभार्थियों को कृषि यंत्र, मशरूम मिनीकिट, महालक्ष्मी एवं किशोरी किट का किया वितरण

‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान के दो चरणों में 6.5 लाख से अधिक लोगों की भागीदारी

सरकार की योजनाओं और सेवाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना हमारी प्राथमिकता : मुख्यमंत्री

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को देहरादून के तपोवन रोड स्थित क्षत्रिय चेतना मंच में सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का अवलोकन किया। उन्होंने लाभार्थियों को कृषि यंत्र, मशरूम मिनीकिट तथा बाल विकास विभाग की महालक्ष्मी एवं किशोरी किट का वितरण भी किया।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिविरों में प्राप्त जनसमस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। जिन समस्याओं के समाधान में समय लगना आवश्यक हो, उनके संबंध में शिकायतकर्ता को स्पष्ट जानकारी दी जाए। उन्होंने कहा कि आम जनता को अपने कार्यों के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, यह सुनिश्चित करना अधिकारियों की जिम्मेदारी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन 17 सितंबर से प्रदेश में सेवा संकल्प अभियान संचालित किया जा रहा है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारत ने विभिन्न क्षेत्रों में वैश्विक स्तर पर अनेक नई उपलब्धियां हासिल की हैं। आज देश विकास के नए आयाम स्थापित करते हुए विकसित भारत के संकल्प की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसी भावना के अनुरूप राज्य सरकार सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से जनसेवा और जनभागीदारी को बढ़ावा देने के साथ ही लोगों की समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करने के लिए कार्य कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा पूर्व में संचालित ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान के दो चरणों में 6.5 लाख से अधिक लोगों ने भागीदारी की। इस अभियान के माध्यम से बड़ी संख्या में लोगों की समस्याओं का समाधान करने के साथ ही पात्र नागरिकों को सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित किया गया। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि शासन-प्रशासन स्वयं जनता के बीच पहुंचकर उनकी समस्याओं को समझे और उनका समाधान सुनिश्चित करे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बहुउद्देशीय शिविरों का उद्देश्य केवल विभिन्न विभागों के स्टॉल लगाना नहीं, बल्कि सरकार की योजनाओं, सेवाओं और सुविधाओं को सीधे जनता तक पहुंचाना है। इन शिविरों के माध्यम से लोगों की समस्याओं को सुनकर उनके समाधान के लिए मौके पर ही आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए। सरकार की प्राथमिकता है कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचे और कोई भी पात्र व्यक्ति जानकारी के अभाव अथवा प्रक्रियागत जटिलताओं के कारण योजनाओं से वंचित न रहे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन सरकार जनसेवाओं को अधिक सरल, सुलभ और प्रभावी बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। सरकार का प्रयास है कि लोगों को प्रमाणपत्र, पेंशन, राशन कार्ड, स्वास्थ्य सुविधाओं और अन्य सरकारी कार्यों के लिए अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े। विशेष रूप से बुजुर्गों, महिलाओं और दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को स्थानीय स्तर पर ही आवश्यक सेवाओं का लाभ मिल सके।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि जनसमस्याओं का समाधान केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि जनसेवा का महत्वपूर्ण दायित्व है। प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से लिया जाए और उसके समाधान के लिए संवेदनशीलता के साथ कार्य किया जाए। उन्होंने कहा कि शासन और जनता के बीच की दूरी कम करने तथा आपसी संवाद बढ़ाने में इस प्रकार के शिविरों की महत्वपूर्ण भूमिका है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत स्वास्थ्य सेवाओं पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इन शिविरों के माध्यम से लोगों को स्वास्थ्य जांच और चिकित्सा परामर्श जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि बीमारियों की समय पर पहचान हो सके और जरूरतमंद लोगों को उचित उपचार मिल सके। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार आयुष्मान भारत और अटल आयुष्मान उत्तराखंड जैसी योजनाओं के माध्यम से पात्र लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

मुख्यमंत्री ने क्षेत्रवासियों से बहुउद्देशीय शिविरों का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोग अपनी समस्याएं संबंधित विभागों के अधिकारियों के समक्ष रखें और सरकारी योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर पात्रता के अनुसार उनका लाभ लें। उन्होंने जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और कर्मचारियों से भी जनसेवा की भावना के साथ इन शिविरों को सफल बनाने का आह्वान किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान जनता के प्रति सरकार की जिम्मेदारी और प्रतिबद्धता का प्रतीक है। जनभागीदारी और सुशासन के माध्यम से ही विकसित उत्तराखण्ड के संकल्प को साकार करते हुए विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।

इस अवसर पर विधायक उमेश शर्मा काऊ, जिलाधिकारी देहरादून डॉ. आशीष चौहान, एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी,नगर आयुक्त देहरादून आलोक कुमार पांडे,वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून प्रमेंद्र डोभाल, , मुख्य विकास अधिकारी देहरादून अभिनव शाह सहित जनप्रतिनिधिगण एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।


पिज्जा-बर्गर नहीं, इस बार शिमला मिर्च से बनाएं चटपटी बेसन वाली सब्जी; जानें आसान रेसिपी

शिमला मिर्च का इस्तेमाल अक्सर पिज्जा, बर्गर, सैंडविच और नूडल्स में किया जाता है, लेकिन इससे एक स्वादिष्ट और मसालेदार सब्जी भी बनाई जा सकती है। खास बात यह है कि शिमला मिर्च और बेसन की सब्जी तैयार करने के लिए किसी खास सामग्री की जरूरत नहीं होती। रसोई में मौजूद बेसन, तेल और रोजाना इस्तेमाल होने वाले मसालों से यह डिश आसानी से बन जाती है।

उत्तर भारतीय शैली में बनने वाली यह सूखी सब्जी रोटी, पराठे और दाल-चावल के साथ परोसने के लिए अच्छा विकल्प है। बेसन की खुशबू और मसालों का स्वाद शिमला मिर्च को एक अलग अंदाज देता है। आइए जानते हैं इसे बनाने का आसान तरीका।

शिमला मिर्च-बेसन की सब्जी बनाने के लिए सामग्री

बेसन – 1/4 कप

शिमला मिर्च – 2, बारीक कटी हुई

तेल – 2 बड़े चम्मच

जीरा – 1 छोटा चम्मच

सौंफ – 1 छोटा चम्मच

सरसों – 1 छोटा चम्मच

हरी मिर्च – 1, बारीक कटी हुई

हींग – 1 चुटकी

हल्दी पाउडर – 1/2 छोटा चम्मच

कश्मीरी लाल मिर्च – 1 छोटा चम्मच

धनिया पाउडर – 3/4 छोटा चम्मच

अमचूर पाउडर – 1 छोटा चम्मच

जीरा पाउडर – 1/2 छोटा चम्मच

नमक – स्वादानुसार

इस तरह तैयार करें शिमला मिर्च-बेसन की सब्जी

पहला स्टेप: बेसन को भूनें

सबसे पहले एक पैन में बेसन डालकर धीमी आंच पर लगातार चलाते हुए भूनें। जब इसका रंग हल्का सुनहरा हो जाए और अच्छी खुशबू आने लगे, तो इसे एक प्लेट में निकालकर अलग रख दें। ध्यान रखें कि बेसन जले नहीं।

दूसरा स्टेप: तैयार करें मसालों का तड़का

अब एक कड़ाही में तेल गर्म करें। इसमें जीरा, सौंफ, सरसों और हींग डालें। कुछ सेकंड बाद कटी हुई हरी मिर्च डालकर हल्का भून लें, ताकि तड़के का स्वाद तेल में अच्छी तरह आ जाए।

तीसरा स्टेप: शिमला मिर्च पकाएं

तड़के में कटी हुई शिमला मिर्च डालकर कुछ मिनट तक भूनें। इसे बहुत ज्यादा न पकाएं, ताकि सब्जी में हल्का कुरकुरापन बना रहे। इसके बाद हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर, जीरा पाउडर, अमचूर और नमक डालकर अच्छी तरह मिला लें।

चौथा स्टेप: बेसन मिलाकर पकाएं

मसालों को धीमी आंच पर 2 से 3 मिनट तक पकने दें। जब मसालों की खुशबू आने लगे, तो इसमें पहले से भुना हुआ बेसन डालकर अच्छी तरह मिलाएं। यदि मिश्रण बहुत सूखा लगे, तो थोड़ा-सा पानी छिड़क सकते हैं।

पांचवां स्टेप: सब्जी को पकने दें

कड़ाही को ढककर सब्जी को धीमी आंच पर करीब 5 से 6 मिनट तक पकाएं। बीच-बीच में इसे चलाते रहें, ताकि बेसन तली में चिपके नहीं। सब्जी अच्छी तरह पक जाए, तो गैस बंद कर दें।

स्वादिष्ट शिमला मिर्च-बेसन की सब्जी तैयार है। इसे गर्मागर्म रोटी, पराठे या चावल के साथ परोस सकते हैं। कम सामग्री में बनने वाली यह डिश रोजाना के खाने में कुछ नया और चटपटा स्वाद जोड़ सकती है।


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