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मुजफ्फरपुर में कारोबारी का अपहरण, 10 लाख की फिरौती मांगी; यूपी से छह घंटे में सकुशल बरामद

Category Archives: क्राइम

मुजफ्फरपुर में कारोबारी का अपहरण, 10 लाख की फिरौती मांगी; यूपी से छह घंटे में सकुशल बरामद

मुजफ्फरपुर। मिठनपुरा थाना क्षेत्र के मिसकाट गली से मुर्गी दाना कारोबारी चंदन कुमार के अपहरण का मामला सामने आने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। बदमाशों ने कारोबारी को अगवा करने के बाद उसके स्वजन से 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। सूचना मिलते ही पुलिस ने तेजी से कार्रवाई शुरू की और तकनीकी जांच के आधार पर उत्तर प्रदेश में दबिश देकर कारोबारी को करीब छह घंटे के भीतर सकुशल बरामद कर लिया।

जानकारी के अनुसार, कार सवार बदमाशों ने कारोबारी को मिठनपुरा इलाके से अगवा किया था। इसके बाद उसे उत्तर प्रदेश ले जाया गया, जहां एक खंडहरनुमा मकान में बंधक बनाकर रखा गया। आरोपितों ने वीडियो कॉल के जरिए स्वजन को कारोबारी की पिटाई करते हुए दिखाई और उसकी रिहाई के बदले 10 लाख रुपये की मांग की।

घटना की जानकारी मिलने के बाद स्वजन ने पुलिस से संपर्क किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई। मिठनपुरा थानेदार अजय कुमार के नेतृत्व में पुलिस ने वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई।

जांच के दौरान उत्तर प्रदेश पुलिस से भी सहयोग लिया गया। इसके बाद संदिग्ध ठिकाने पर छापेमारी कर कारोबारी को सुरक्षित मुक्त कराया गया। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है।

एसएसपी ने कारोबारी के सकुशल बरामद होने की पुष्टि की है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, मामले की जांच जारी है और कार्रवाई पूरी होने के बाद अपहरण की पूरी साजिश और इसमें शामिल अन्य लोगों के बारे में विस्तृत जानकारी सामने रखी जाएगी।


सीतामढ़ी में 330 किलो गांजा बरामद, पुलिस ने एक तस्कर को किया गिरफ्तार

सीतामढ़ी। रीगा थाना क्षेत्र में पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 330 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। पुलिस ने इस मामले में एक कथित तस्कर को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई संग्रामफंदह गांव के वार्ड नंबर 15 में की गई। मौके से एक कार भी जब्त की गई है।

पुलिस के मुताबिक, गुप्त सूचना मिली थी कि इलाके में गांजे की बड़ी खेप पहुंची है। इसके बाद रीगा थाना पुलिस ने टीम बनाकर बताए गए स्थान पर छापेमारी की। तलाशी के दौरान भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ और मौके से जयनारायण महतो को पकड़ लिया गया।

प्रारंभिक जांच में पुलिस को जानकारी मिली है कि बरामद गांजा नेपाल से लाया गया था। इसे हाजीपुर समेत अन्य स्थानों पर भेजे जाने की तैयारी थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस खेप को नेपाल से कौन लेकर आया था और इसके आगे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था।

गिरफ्तार जयनारायण महतो संग्रामफंदह गांव का रहने वाला बताया गया है। पुलिस के अनुसार, उसके खिलाफ कन्हौली थाने में गांजा तस्करी से संबंधित पहले से मामला दर्ज है। वह पूर्व के मामले में जेल भी जा चुका है।

पुलिस का कहना है कि जेल से बाहर आने के बाद उसके दोबारा तस्करी में शामिल होने की जानकारी मिली थी। इसी आधार पर पुलिस उसकी गतिविधियों पर नजर रख रही थी।

गिरफ्तारी के बाद पुलिस आरोपित से पूछताछ कर रही है। जांच टीम यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गांजे की खेप में और कौन-कौन लोग शामिल हैं और इसे किन स्थानों पर पहुंचाया जाना था। पुलिस ने जब्त गांजे और वाहन को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।


AAP के वरिष्ठ नेता दलजीत राजू को फिर मिली फिरौती की धमकी भरी कॉल

फगवाड़ा। आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और बीसी विंग के प्रभारी दलजीत राजू को कथित तौर पर लगातार फिरौती की धमकियां मिलने का मामला सामने आया है। बुधवार को भी उन्हें धमकी भरी कॉल आने की जानकारी मिली है। लगातार सामने आ रही इन घटनाओं से उनकी सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।

जानकारी के अनुसार, दलजीत राजू को पिछले कुछ समय से कथित तौर पर फिरौती की मांग को लेकर धमकी भरे फोन किए जा रहे हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की ओर से उनकी सुरक्षा में जवान भी तैनात किए गए हैं। इसके बावजूद धमकी भरी कॉल का सिलसिला जारी रहने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।

बुधवार को एक बार फिर दलजीत राजू को कथित तौर पर धमकी भरा फोन आया। लगातार हो रही इस तरह की कॉल के बावजूद अभी तक धमकी देने वाले व्यक्ति तक पुलिस के पहुंचने की स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है।

इस मामले ने पुलिस की कार्रवाई और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी चर्चा तेज कर दी है। हालांकि, पुलिस की ओर से अभी तक आरोपी की पहचान या उसकी गिरफ्तारी को लेकर आधिकारिक विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।

दलजीत राजू की सुरक्षा को देखते हुए पुलिस प्रशासन के सामने धमकी देने वाले व्यक्ति की पहचान कर उसके खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने की चुनौती है। पुलिस कॉल से जुड़े तकनीकी साक्ष्यों की जांच कर रही है या नहीं, इस संबंध में भी आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।

फिलहाल लगातार मिल रही कथित धमकियों के बीच पुलिस प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सभी की नजर बनी हुई है।


दाबाद में विवाहिता का फंदे पर मिला शव, मायके वालों ने लगाया हत्या कर लटकाने का आरोप

मुरादाबाद। मैनाठेर थाना क्षेत्र के लालपुर हमीर गांव में बुधवार सुबह एक विवाहिता का शव कमरे में फंदे से लटका मिलने के बाद हड़कंप मच गया। मृतका की पहचान अंजाना उर्फ अंजुम के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलते ही मायके पक्ष के लोग मौके पर पहुंचे और ससुराल वालों पर हत्या कर शव को फंदे पर लटकाने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया।

घटना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस के पहुंचने से पहले ही ससुराल पक्ष के लोग घर से निकलकर फरार हो गए। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।

जानकारी के अनुसार लालपुर हमीर गांव निवासी मुदस्सिर का निकाह वर्ष 2016 में अंजाना उर्फ अंजुम से हुआ था। दंपती के चार बच्चे हैं। बताया जा रहा है कि पिछले कुछ समय से पति के किसी अन्य महिला से फोन पर बातचीत करने को लेकर दोनों के बीच विवाद चल रहा था।

परिजनों के मुताबिक, अंजुम को जब इस संबंध में जानकारी हुई तो पति-पत्नी के बीच अक्सर कहासुनी होने लगी थी। बुधवार सुबह उसका शव कमरे में फंदे से लटका मिला।

विवाहिता की मौत की खबर मिलते ही उसके मायके पक्ष के लोग गांव पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि अंजुम की हत्या करने के बाद शव को फंदे पर लटकाया गया है। आरोपों के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी।

प्रभारी निरीक्षक किरनपाल सिंह ने बताया कि मामले में शिकायत के आधार पर आरोपितों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल पुलिस घटना के कारणों और विवाहिता की मौत के पीछे की परिस्थितियों की जांच कर रही है।


लुधियाना में पिज्जा शॉप के अंदर घुसे हमलावर, तीन राउंड फायरिंग कर हुए फरार

लुधियाना। भाई रणधीर सिंह नगर इलाके में देर रात एक पिज्जा दुकान पर गोलीबारी की घटना से हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि कुछ हमलावर दुकान के अंदर पहुंचे और लगातार तीन राउंड फायर करने के बाद वहां से फरार हो गए। घटना के बाद आसपास के क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी।

पुलिस ने दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग अपने कब्जे में ले ली है। फुटेज में संदिग्ध हमलावर दुकान के भीतर जाते और गोली चलाते नजर आ रहे हैं। जांच टीम अब फुटेज के आधार पर आरोपितों की पहचान करने के साथ ही उनके आने और भागने के रास्ते का पता लगाने में जुटी है।

फायरिंग की घटना के बाद सोशल मीडिया पर ‘गोपी लाहौरिया ग्रुप’ नाम के पेज से वारदात की जिम्मेदारी लेने का दावा किया गया। हालांकि पुलिस इस पोस्ट की वास्तविकता की जांच कर रही है। अभी यह पुष्टि नहीं हुई है कि पोस्ट घटना में शामिल लोगों ने ही की है या किसी अन्य व्यक्ति ने।

पुलिस ने आसपास के इलाकों में लगे दूसरे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगालनी शुरू कर दी है, ताकि हमलावरों की पहचान और उनकी गतिविधियों से जुड़े अहम सुराग मिल सकें।

जांच एजेंसियां अब गोलीबारी के पीछे की वजह का पता लगाने में जुटी हैं। पुलिस पुरानी रंजिश, धमकी, रंगदारी या किसी अन्य आपराधिक विवाद समेत विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।

पुलिस ने लोगों से सोशल मीडिया पर सामने आ रहे दावों को बिना सत्यापन सही नहीं मानने की अपील की है। फिलहाल सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर हमलावरों की तलाश जारी है।


कटक में नाबालिग छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म केस में होटल कर्मचारी गिरफ्तार, दो आरोपी पहले ही पकड़े गए

कटक। कटक के बादामबाड़ी थाना क्षेत्र में नाबालिग छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने होटल कर्मचारी ज्ञान रंजन सेठी को केंद्रापड़ा जिले से पकड़ा है। इस मामले में पुलिस पहले ही दो नाबालिग आरोपियों को हिरासत में ले चुकी है।

पुलिस के मुताबिक, पीड़िता कटक के एक कॉलेज में प्लस-टू की छात्रा है। उसी कॉलेज में पढ़ने वाले दो नाबालिग छात्रों से उसकी पहचान थी। आरोप है कि दोनों ने इसी जान-पहचान का फायदा उठाकर छात्रा को बादामबाड़ी इलाके के एक होटल में बुलाया और वहां उसके साथ अपराध किया।

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि होटल कर्मचारी ज्ञान रंजन सेठी ने दोनों नाबालिगों को बिना जरूरी दस्तावेजों के कमरा उपलब्ध कराने में कथित तौर पर मदद की थी। घटना के बाद से वह फरार चल रहा था।

पीड़िता ने घटना की जानकारी अपने परिजनों को दी, जिसके बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने 12 अगस्त को दोनों नाबालिग आरोपियों को पकड़ लिया था। पूछताछ और जांच के दौरान होटल कर्मचारी की भूमिका सामने आई।

पुलिस को सूचना मिली कि ज्ञान रंजन सेठी केंद्रापड़ा जिले में छिपा हुआ है। इसके बाद पुलिस टीम ने संभावित ठिकाने पर दबिश देकर उसे गिरफ्तार कर लिया। मेडिकल जांच कराने के बाद आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


मां को गोली मारने के बाद बेटे ने लाठी से पिता को पीटा, दोनों की मौत; महिला गंभीर घायल

उदयपुर। चित्तौड़गढ़ जिले के गंगरार थाना क्षेत्र के सुवाणियां गांव में पारिवारिक विवाद ने सोमवार रात खूनी रूप ले लिया। आरोप है कि 55 वर्षीय भगवान लाल ने अपनी दूसरी पत्नी भोमली को गोली मार दी, जिससे उसकी मौत हो गई। मां की मौत से गुस्साए 22 वर्षीय बेटे अनिल ने इसके बाद पिता पर लाठी से हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने से भगवान लाल की भी मौके पर मौत हो गई।

इस दौरान बीच-बचाव करने पहुंची भगवान लाल की लिव-इन पार्टनर तारा भी लाठी की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गई। उसे पहले चित्तौड़गढ़ जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर उदयपुर रेफर किया गया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू करते हुए दो लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है।

पुलिस के मुताबिक, भैरूसिंह जी का खेड़ा निवासी भगवान लाल की दो शादियां हुई थीं। पहली पत्नी लाडू से उसकी दो बेटियां हैं, जबकि दूसरी पत्नी भोमली से दो बेटे और दो बेटियां हैं। पिछले कुछ समय से भगवान लाल दोनों पत्नियों से अलग सुवाणियां में 35 वर्षीय तारा के साथ लिव-इन रिलेशन में रह रहा था। दोनों खेत पर रहते थे।

सोमवार रात परिवार के कुछ लोग खेत पर पहुंचे और भगवान लाल से घर वापस लौटने को कहा। शुरुआत में बातचीत सामान्य थी, लेकिन बाद में मामला विवाद में बदल गया। गाली-गलौज के बीच स्थिति बिगड़ गई और आरोप है कि भगवान लाल ने अपनी दूसरी पत्नी भोमली पर गोली चला दी।

गोली लगने से भोमली गंभीर रूप से घायल हो गई। परिजन उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।

मां की मौत की खबर से अनिल आक्रोशित हो गया। उसने पास में पड़ी लाठी उठाकर अपने पिता भगवान लाल पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। हमले में गंभीर चोट लगने के कारण भगवान लाल ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।

इसी दौरान झगड़ा शांत कराने पहुंची तारा पर भी अनिल ने कथित तौर पर लाठी से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल तारा को उपचार के लिए उदयपुर रेफर किया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।

घटना की सूचना मिलते ही गंगरार थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल की जांच की, जबकि एफएसएल टीम ने मौके से जरूरी साक्ष्य जुटाए। दोनों मृतकों के शवों को जिला अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया गया।

घटना के बाद गांव में तनाव को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस ने मृतक के बेटे अनिल और उसकी पहली पत्नी लाडू को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।

गंगरार डीएसपी उदय सिंह चुंडावत के अनुसार, शुरुआती जांच में घटना के पीछे पारिवारिक विवाद सामने आया है। पुलिस परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि विवाद अचानक हिंसक हुआ या इसके पीछे पहले से कोई पारिवारिक रंजिश थी।


नौकरी करने को कहा तो बेटे ने पिता पर चाकू से किया हमला, छाती और कमर पर किए वार

फरीदाबाद। ओल्ड फरीदाबाद थाना क्षेत्र की भीम बस्ती में नौकरी करने की बात को लेकर पिता-पुत्र के बीच विवाद हो गया। आरोप है कि नौकरी करने के लिए कहने से नाराज युवक ने घर में रखे सब्जी काटने वाले चाकू से अपने पिता पर हमला कर दिया। हमले में पिता की कमर और छाती पर चोटें आई हैं। घटना के बाद आरोपित जान से मारने की धमकी देकर मौके से फरार हो गया।

घायल व्यक्ति की पहचान 46 वर्षीय बालकिशन के रूप में हुई है। परिजनों ने उन्हें उपचार के लिए बीके अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने हालत को देखते हुए सफदरजंग अस्पताल, दिल्ली रेफर कर दिया। पुलिस ने घायल के बयान और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आरोपित बेटे विकास उर्फ विक्की के खिलाफ मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।

बालकिशन ने पुलिस को बताया कि 16 अगस्त की शाम करीब चार बजे वह पत्नी पूनम और दोनों बेटों विकास उर्फ विक्की व योगेश उर्फ योगी के साथ घर पर मौजूद थे। इसी दौरान वह और उनकी पत्नी बड़े बेटे विकास को नौकरी करने के लिए समझा रहे थे।

आरोप है कि नौकरी करने की बात से विकास नाराज हो गया और माता-पिता के साथ गाली-गलौज करने लगा। जब बालकिशन ने उसे ऐसा करने से रोका तो उसने घर में रखा सब्जी काटने वाला चाकू उठा लिया और पिता पर हमला कर दिया। चाकू के वार से बालकिशन की कमर और छाती पर चोटें आईं।

हमले के दौरान बालकिशन ने शोर मचाया तो आरोपित उन्हें जान से मारने की धमकी देते हुए घर से फरार हो गया। इसके बाद उनकी पत्नी पूनम घायल अवस्था में उन्हें बीके अस्पताल लेकर पहुंचीं। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उन्हें सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया।

मेडिकल जांच में बालकिशन के शरीर पर धारदार हथियार से लगी तीन चोटों की पुष्टि हुई है। उनका सफदरजंग अस्पताल में उपचार चल रहा था।

18 अगस्त को चिकित्सकों ने बालकिशन को बयान देने के लिए फिट घोषित किया। इसके बाद पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर उनका बयान दर्ज किया। बयान और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने विकास उर्फ विक्की के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

पुलिस का कहना है कि आरोपित की तलाश की जा रही है। मामले में घटनास्थल और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की जांच की जा रही है।


मलेशिया से भारत लाए गए बंबीहा गैंग के तीन वांछित आरोपी, पंजाब पुलिस ने एयरपोर्ट पर किया गिरफ्तार

चंडीगढ़। विदेश में छिपकर पंजाब में आपराधिक गतिविधियों को संचालित करने वाले गैंगस्टरों के खिलाफ पंजाब पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस की काउंटर इंटेलिजेंस विंग की ओवरसीज फ्यूजिटिव ट्रैकिंग एंड एक्सट्रैक्शन सेल (OFTEC) ने केंद्रीय एजेंसियों के सहयोग से दविंदर बंबीहा गैंग से जुड़े तीन वांछित आरोपितों को मलेशिया से भारत लाने में सफलता हासिल की है।

भारत पहुंचने के बाद तीनों को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर गिरफ्तार कर लिया गया। इसके बाद आरोपितों को पंजाब लाकर पूछताछ शुरू की गई है। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपितों की पहचान जसप्रीत सिंह उर्फ जस बेहबल, अजय सिंह और पवंदीप सिंह के रूप में हुई है।

पुलिस जांच के अनुसार तीनों आरोपितों के खिलाफ हत्या, रंगदारी और विस्फोटक से जुड़े कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। लुधियाना में हैंड ग्रेनेड से धमाके की साजिश से जुड़े मामले में भी पुलिस को उनकी तलाश थी। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपितों के तार पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से जुड़े संदिग्ध नेटवर्क तक पहुंचते हैं।

पुलिस के अनुसार तीनों के खिलाफ दो दर्जन से अधिक मामलों में कार्रवाई या केस दर्ज होने की जानकारी है। विदेश भागने के बाद वे मलेशिया में छिपकर रह रहे थे और कथित तौर पर वहीं से पंजाब में अपने आपराधिक नेटवर्क से संपर्क बनाए हुए थे।

भारत वापस लाए जाने के बाद पंजाब पुलिस अब आरोपितों से विस्तृत पूछताछ कर रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि विदेश में रहने के दौरान आरोपित किन लोगों के संपर्क में थे और पंजाब में उनके नेटवर्क को कौन संचालित कर रहा था।

इसके अलावा हत्या और रंगदारी की वारदातों में उनकी भूमिका, हथियार व विस्फोटक की व्यवस्था तथा पाकिस्तान स्थित संदिग्ध तत्वों से संपर्क की भी जांच की जाएगी।

पंजाब पुलिस महानिदेशक कार्यालय के अनुसार, OFTEC की टीम विदेशों में छिपे वांछित अपराधियों को लगातार ट्रैक कर रही है। केंद्रीय एजेंसियों के साथ समन्वय कर मलेशिया में मौजूद इन आरोपितों की पहचान की गई और कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें भारत लाया गया।

पुलिस ने कहा कि विदेशों में छिपकर आपराधिक गतिविधियां संचालित करने वाले आरोपितों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। फरार गैंगस्टरों को तलाश कर भारत लाने और उनके नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए एजेंसियां लगातार काम कर रही हैं।


गंगाजल चढ़ाने के विवाद की रंजिश में युवक को मारी गोली, चार आरोपी गिरफ्तार

चरखी दादरी। गांव खेड़ी बूरा में शिवरात्रि के दौरान गंगाजल चढ़ाने को लेकर हुए विवाद ने गंभीर रूप ले लिया। पुरानी रंजिश के चलते 38 वर्षीय मंजीत पर कथित तौर पर गोली चला दी गई। सीने में गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजनों ने उसे गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया है।

जानकारी के मुताबिक, शिवरात्रि के दिन डाक कांवड़ लेकर पहुंचे मंजीत और योगेश के बीच मंदिर में शिवलिंग पर पहले गंगाजल चढ़ाने को लेकर कहासुनी हुई थी। आरोप है कि इसी विवाद की रंजिश में शनिवार तड़के योगेश अपने तीन साथियों के साथ कार से पहुंचा और मंजीत तथा उसके दो साथियों पर फायरिंग कर दी।

बताया गया कि हमलावरों ने करीब तीन राउंड फायर किए, जिनमें से एक गोली मंजीत के सीने में जा लगी। घटना के बाद उसे पहले चरखी दादरी सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद रोहतक पीजीआई रेफर किया गया। बाद में परिजन उसे गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल ले गए।

सदर थाना पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए महाबीर, योगेश उर्फ छोटू उर्फ पहलवान, विक्रम और प्रदीप उर्फ सोनू को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार योगेश और विक्रम के कब्जे से एक-एक अवैध देशी पिस्तौल व कारतूस बरामद किए गए हैं। वारदात में इस्तेमाल कार भी पुलिस ने कब्जे में ले ली है।

डीएसपी साहिल ढिल्लो के मुताबिक चारों आरोपियों को घटना के 24 घंटे के भीतर अटेला क्रशर जोन से पकड़ा गया। मुख्य आरोपी योगेश को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है, जबकि अन्य तीन आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।


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