Sunday, September 13th, 2026

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काम मांगो अभियान से रोजगार के मुद्दे पर कांग्रेस का सरकार के खिलाफ मोर्चा

Category Archives: उत्तराखंड

काम मांगो अभियान से रोजगार के मुद्दे पर कांग्रेस का सरकार के खिलाफ मोर्चा

देहरादून:  उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस राजीव गांधी पंचायती राज संगठन ने प्रदेश में बढ़ती बेरोजगारी, युवाओं के पलायन और ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के सीमित अवसरों को लेकर ‘काम मांगो अभियान’ की शुरुआत की है। अभियान के तहत कांग्रेस युवाओं और ग्रामीणों की रोजगार संबंधी समस्याओं को चिन्हित कर सरकार के सामने रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की मांग उठाएगी।

प्रदेश कांग्रेस कमेटी कार्यालय देहरादून में आयोजित संगठन की बैठक राष्ट्रीय महासचिव एवं उत्तराखंड प्रभारी दीपक राठौर की मौजूदगी और प्रदेश अध्यक्ष ललित फर्स्वाण की अध्यक्षता में हुई। बैठक में प्रदेश में रोजगार की स्थिति को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।

ललित फर्स्वाण ने कहा कि उत्तराखंड का युवा रोजगार की तलाश में भटकने को मजबूर है। सरकार रोजगार और स्वरोजगार को लेकर बड़े-बड़े दावे कर रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर युवाओं को उनकी योग्यता और जरूरत के अनुरूप पर्याप्त अवसर नहीं मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि ‘काम मांगो अभियान’ रोजगार की भीख मांगने का अभियान नहीं, बल्कि युवाओं के अधिकार और सम्मानजनक रोजगार की मांग का अभियान है।

उन्होंने बताया कि अगले दो महीनों में प्रदेश के सभी 13 जिलों में कम से कम एक ब्लॉक में अभियान शुरू किया जाएगा। इसकी शुरुआत चमोली जिले के जोशीमठ ब्लॉक से होगी। प्रथम चरण में चमोली के साथ हरिद्वार, देहरादून, ऊधमसिंहनगर और नैनीताल जिलों में अभियान चलाया जाएगा।

राष्ट्रीय महासचिव एवं उत्तराखंड प्रभारी दीपक राठौर ने कहा कि उत्तराखंड के गांवों को मजबूत किए बिना राज्य का समग्र विकास संभव नहीं है। ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा, लघु एवं कुटीर उद्योग, कृषि, बागवानी, पशुपालन, पर्यटन और स्वरोजगार के माध्यम से रोजगार के बड़े अवसर पैदा किए जा सकते हैं। उन्होंने सरकार से रिक्त सरकारी पदों पर शीघ्र भर्ती, भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता, स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता और प्रभावी स्वरोजगार योजनाएं लागू करने की मांग की।

संगठन ने निर्णय लिया कि ‘काम मांगो अभियान’ को जनपद, ब्लॉक और ग्राम पंचायत स्तर तक पहुंचाया जाएगा। अभियान के दौरान युवाओं, ग्रामीणों और पंचायत प्रतिनिधियों से संवाद कर रोजगार से जुड़ी समस्याओं को चिन्हित किया जाएगा और स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराने की मांग को सरकार के सामने मजबूती से उठाया जाएगा।

बैठक के दौरान संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने अभियान को प्रदेश के प्रत्येक गांव तक पहुंचाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर पत्रकार वार्ता भी आयोजित की गई।

बैठक में प्रदेश महामंत्री संगठन राजेंद्र सिंह भंडारी, गढ़वाल मंडल प्रभारी गंभीर सिंह जयाड़ा, देहरादून प्रभारी धीरज देसाई, हीरा पाल सिंह, हरिद्वार प्रभारी विमल भारती, रुड़की प्रभारी गौरव शर्मा, नैनीताल प्रभारी सौरभ, हल्द्वानी महानगर विजय, ऊधमसिंहनगर प्रभारी विमल शाहू, रुड़की जिला प्रभारी मो. ईशा त्यागी, संयोजक महेश त्रिकोटी, हल्द्वानी जिलाध्यक्ष राधा आर्य, मनोज बिष्ट, कोटद्वार जिलाध्यक्ष रूपेंद्र नेगी, उत्तरकाशी जिलाध्यक्ष हंसपाल बिष्ट, पौड़ी जिलाध्यक्ष मुकेश बिष्ट और प्रदेश महासचिव हेम पगड़िया सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।


अयोध्या में दिखेगी देवभूमि की पहचान, रुद्रपुर में युवाओं को मिलेगा आधुनिक खेल मंच

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विजन के अनुरूप उत्तराखंड में विकास को सांस्कृतिक पहचान, पर्यटन और युवा शक्ति से जोड़ने की दिशा में बड़ी पहल की जा रही है। सचिव आवास एवं राज्य संपत्ति डॉ. आर. राजेश कुमार ने राज्य सचिवालय में विभिन्न विकास परियोजनाओं की समीक्षा की।

समीक्षा में अयोध्याधाम में 67.83 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से प्रस्तावित उत्तराखंड राज्य अतिथि गृह और रुद्रपुर के मोदी मैदान में 2332.05 लाख रुपये की संशोधित लागत से प्रस्तावित इंडोर एवं आउटडोर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स प्रमुख रूप से शामिल रहे।

अयोध्या में बनेगा देवभूमि का परिचय केंद्र

अयोध्या में प्रस्तावित राज्य अतिथि गृह को महज आवासीय सुविधा तक सीमित न रखते हुए उत्तराखंड की सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत को प्रदर्शित करने वाले भवन के रूप में विकसित किया जाएगा। करीब 6783.33 लाख रुपये के आगणन वाले भवन की डिजाइन में पारंपरिक पहाड़ी वास्तुशैली को प्रमुखता दी जाएगी।

भवन के अलग-अलग तल ओम पर्वत, ग्लेशियर, जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क और पंचाचूली जैसी उत्तराखंड की प्रमुख प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक पहचान पर आधारित थीम से सजाए जाएंगे। मूल योजना में शामिल बारात घर को हटाकर भवन को अतिथि गृह की आवश्यकताओं के अनुरूप विकसित करने के निर्देश दिए गए हैं।

रुद्रपुर में बनेगा आधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स

रुद्रपुर के मोदी मैदान में प्रस्तावित इंडोर एवं आउटडोर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का पूर्व आगणन 2374.56 लाख रुपये था, जिसे संशोधित कर 2332.05 लाख रुपये किया गया है।

इंडोर परिसर में जिम, टेबल टेनिस और बैडमिंटन, जबकि आउटडोर परिसर में वॉलीबॉल, बास्केटबॉल, फुटबॉल, पिकलबॉल और टेनिस की सुविधाएं प्रस्तावित हैं। इसके अलावा करीब एक किलोमीटर लंबा साइकिलिंग रूट एवं ट्रैक पाथ, टॉयलेट और चेंजिंग रूम जैसी सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी।

लागत को नियंत्रित करने के साथ सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए बाउंड्रीवाल की ऊंचाई कम कर लोहे की ग्रिल लगाने का प्रावधान किया गया है। विभागीय व्यय समिति की बैठक में दिए निर्देशों के अनुरूप संशोधित प्रस्ताव तैयार किया गया है, जिसे अब व्यय वित्त समिति के अनुमोदन के लिए प्रस्तुत किया जाएगा।

सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री के दिशा-निर्देशों के अनुरूप विकास परियोजनाओं को गुणवत्तापूर्ण, समयबद्ध और जनोपयोगी बनाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। अयोध्या का अतिथि गृह उत्तराखंड की धार्मिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत को देश-दुनिया के सामने प्रस्तुत करेगा, जबकि रुद्रपुर का स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स युवाओं और खिलाड़ियों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।


लोहाघाट के किसान जीवन खर्कवाल ने आधुनिक बागवानी में पेश की मिसाल

चम्पावत। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड सरकार द्वारा उद्यानिकी और आधुनिक कृषि को बढ़ावा देने के प्रयासों का असर अब किसानों के खेतों में भी दिखाई दे रहा है। चम्पावत के लोहाघाट विकासखंड स्थित ग्राम खैसकांडे के प्रगतिशील कृषक जीवन खर्कवाल आधुनिक तकनीकों को अपनाकर खेती-बागवानी को अपनी मजबूत आजीविका का माध्यम बना रहे हैं।

पेशे से इलेक्ट्रॉनिक व्यवसायी जीवन खर्कवाल को खेती-बागवानी का संस्कार अपने पिता रमेश चंद्र खर्कवाल से मिला। उद्यान विभाग के मार्गदर्शन में उन्होंने M-9 रूटस्टॉक पर करीब 300 सेब के पौधों का व्यवस्थित बगीचा तैयार किया है। वहीं वर्ष 2022-23 में M-111 रूटस्टॉक पर जेरोमाइन, रेड डिलीशियस, गाला और रेड गाला जैसी उन्नत किस्मों के 533 पौधे लगाए गए।

वर्तमान में जीवन खर्कवाल 15 नाली क्षेत्र में M-9 सेब का उच्च घनत्व वाला नया बगीचा तैयार कर रहे हैं। इसके साथ ही राज्य सरकार की कीवी मिशन योजना के तहत 131 कीवी पौधे लगाए हैं, जिनमें फलन शुरू हो चुकी है और उत्पाद स्थानीय बाजार में बेचा जा रहा है।

जीवन खर्कवाल ने खेती में विविधीकरण पर भी जोर दिया है। उनके खेतों में प्लम, खुबानी, आलू और अन्य फलदार फसलों का उत्पादन हो रहा है। वहीं करीब 300 वर्गमीटर क्षेत्र में तीन पॉलीहाउस के माध्यम से मौसमी सब्जियों का उत्पादन कर स्थानीय बाजार में अपनी पहुंच बनाई है।

जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए वे वर्मी कम्पोस्ट इकाई के जरिए तैयार जैविक खाद का उपयोग अपने खेतों और बगीचों में कर रहे हैं।

जीवन खर्कवाल की सफलता पारंपरिक कृषि संस्कार, परिवार के सहयोग, आधुनिक तकनीक और विभागीय मार्गदर्शन के बेहतर समन्वय का उदाहरण है। सेब और कीवी उत्पादन से लेकर पॉलीहाउस सब्जियों और जैविक खाद तक, उन्होंने खेती को बहुआयामी आजीविका का माध्यम बनाया है।

उनकी यह पहल मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ‘समृद्ध किसान, सशक्त उत्तराखण्ड’ के संकल्प को धरातल पर साकार करने के साथ-साथ प्रदेश के युवाओं और किसानों को आधुनिक उद्यानिकी अपनाने के लिए प्रेरित कर रही है।


कुमेरिया में डंपर हादसा: गहरी खाई से SDRF ने बरामद किया चालक का शव

अल्मोड़ा: मोहान से करीब 10 किलोमीटर पहले कुमेरिया डेन रिजॉर्ट के पास डंपर दुर्घटना में लापता चालक का शव SDRF ने गहरी खाई से बरामद किया। हादसे की सूचना मिलने पर SDRF पोस्ट भीकियासैंण की टीम अपर उप निरीक्षक सुंदर सिंह बोरा के नेतृत्व में मौके पर पहुंची और चालक की तलाश शुरू की।

सर्च ऑपरेशन के दौरान दुर्घटनाग्रस्त डंपर के चालक का शव दुर्गम खाई में मिला। SDRF जवानों ने रोप के जरिए कड़ी मशक्कत के बाद शव को सुरक्षित खाई से बाहर निकाला और आवश्यक कार्रवाई के लिए जिला पुलिस के सुपुर्द कर दिया।

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक डंपर में केवल चालक ही सवार था। हादसे में उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

मृतक की पहचान 36 वर्षीय जसवंत सिंह पुत्र गोपाल सिंह, निवासी ग्राम गजार, तहसील चौखुटिया, जिला अल्मोड़ा के रूप में हुई है।


ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन: ब्रेकथ्रू हुई 10 किमी लंबी दूसरी सबसे बड़ी टनल

ऋषिकेश : : पहाड़ों में रेल पहुंचाने का सपना अब बहुत जल्द सच होने वाला है। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग नई ब्रॉडगेज रेल लाइन परियोजना में रेल विकास निगम लिमिटेड (RVNL) की टीम ने एक और बड़ी सफलता अपने नाम की है। ऋषिकेश पीआईयू के इंजीनियरों और मजदूरों की दिन-रात की मेहनत के बाद एस्केप टनल-1 का आखिरी ब्रेकथ्रू भी पूरा कर लिया गया है। जैसे ही अंतिम चट्टान कटी, टनल के दोनों तरफ काम कर रहे मजदूरों और इंजीनियरों के चेहरे खुशी से खिल उठे। इसके साथ ही इस ड्रीम प्रोजेक्ट में अब तक कुल 41 टनल ब्रेकथ्रू पूरे हो चुके हैं।

​कठिन चट्टानों के बीच राहत

​इस एस्केप टनल-1 की कुल लंबाई 10.847 किलोमीटर है, जो इस पूरी रेल परियोजना की दूसरी सबसे लंबी टनल है। इस टनल को तैयार करना बेहद चुनौतीपूर्ण रहा क्योंकि यह पूरा इलाका हिमालय के बेहद जटिल और कच्चे पहाड़ों से होकर गुजरता है। खुदाई के दौरान टीम को कई जगह टूटती चट्टानों, भारी दबाव और मिट्टी धंसने जैसी गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ा। मेन बाउंड्री थ्रस्ट के पास होने की वजह से कई स्थानों पर पहाड़ की बनावट बहुत कमजोर थी, जिससे दुर्घटना का खतरा बना रहता था। लेकिन modern मशीनों और तकनीकी टीम के लगातार प्रयासों से यह मुश्किल काम आखिरकार आसान हो गया।

​इंजीनियरों और मजदूरों की मेहनत

विकट परिस्थितियों में टनल को आर-पार जोड़ना किसी बड़े चमत्कार से कम नहीं है। प्रोजेक्ट से जुड़े अधिकारियों, इंजीनियरों, तकनीकी विशेषज्ञों और ठेकेदारों के साथ-साथ दिन-रात पसीना बहाने वाले मजदूरों के मजबूत इरादों ने इसे मुमकिन बनाया है। उनका यह तालमेल और कड़ी मेहनत ही है कि हिमालय के इस दुर्गम इलाके में आज इतनी बड़ी सुरंग बनकर तैयार खड़ी है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि यह ब्रेकथ्रू उत्तराखंड में रेल सेवा शुरू करने की दिशा में एक बहुत बड़ा कदम साबित होगा।

​अगले एक साल में पूरा होगा काम

​परियोजना में अब तक 41 टनल ब्रेकथ्रू का काम पूरा हो चुका है, जबकि बची हुई पांच टनल के ब्रेकथ्रू को भी अगले एक साल के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। काम जिस रफ्तार से आगे बढ़ रहा है, उससे उम्मीद है कि जल्द ही कर्णप्रयाग तक ट्रेन दौड़ती नजर आएगी। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से न केवल आम यात्रियों को राहत मिलेगी, बल्कि पहाड़ों में पर्यटन और स्थानीय कारोबार को भी एक नया आयाम मिलेगा।


ग्रास्टनगंज, कुम्भीचौड़ एवं सनेह-लालपानी में 2.64 किमी मोटर मार्गों का होगा कायाकल्प- ऋतु खण्डूड़ी भूषण

₹135.18 लाख की लागत से इंटरलॉकिंग टाइल्स से होगा निर्माण कार्य

कोटद्वार: विधानसभा अध्यक्ष उत्तराखंड एवं विधायक कोटद्वार ऋतु खण्डूड़ी भूषण ने राज्य योजना के अंतर्गत विधानसभा क्षेत्र कोटद्वार के वार्ड संख्या 01 ग्रास्टनगंज, वार्ड संख्या 02 कुम्भीचौड़ एवं वार्ड संख्या 03 सनेह-लालपानी में विभिन्न मोटर मार्गों के इंटरलॉकिंग टाइल्स द्वारा निर्माण कार्य का शिलान्यास किया।

इस परियोजना के अंतर्गत क्षेत्र के विभिन्न मोटर मार्गों पर कुल 2.64 किलोमीटर लंबाई में इंटरलॉकिंग टाइल्स का निर्माण कार्य किया जाएगा। इसके लिए ₹135.18 लाख की स्वीकृत लागत निर्धारित की गई है। निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद इन क्षेत्रों में आवागमन व्यवस्था बेहतर होने के साथ ही स्थानीय नागरिकों को सड़क की खराब स्थिति एवं जलभराव जैसी समस्याओं से भी राहत मिलने की उम्मीद है।

शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूड़ी भूषण ने कहा कि कोटद्वार विधानसभा क्षेत्र में सड़क, पेयजल, विद्युत, नाली एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों एवं स्थानीय आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए विभिन्न विकास कार्यों को लगातार स्वीकृति दिलाने के प्रयास किए जा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों को बेहतर सड़क संपर्क उपलब्ध कराना आवश्यक है, ताकि आमजन, विद्यार्थियों, व्यापारियों तथा स्थानीय लोगों को आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी न हो। इंटरलॉकिंग टाइल्स से होने वाले निर्माण से मार्गों की गुणवत्ता एवं उपयोगिता में सुधार होगा तथा स्थानीय स्तर पर लोगों को इसका सीधा लाभ मिलेगा।

विधानसभा अध्यक्ष ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए तथा निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से निर्माण कार्य को निर्धारित समयसीमा के भीतर पूर्ण करने तथा कार्य के दौरान स्थानीय नागरिकों की सुविधा का विशेष ध्यान रखने को भी कहा।

उन्होंने कहा कि विकास कार्यों का वास्तविक उद्देश्य जनता को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है और इसी भावना के साथ कोटद्वार विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है।

इस अवसर पर पार्षद संजय भंडारी, पार्षद अनिल रावत, कैप्टन हशवंत सिंह रावत, संजय पंथवाल, राजेंद्र जजेडी, गोपाल जखमोला, ललित चौहान, मनदीप नेगी एवं गोपाल बिष्ट सहित क्षेत्र के सम्मानित जनप्रतिनिधि एवं गणमान्यजन उपस्थित रहे।


बीकेटीसी बोर्ड बैठक में अहम फैसले, द्वितीय चरण की चारधाम यात्रा की तैयारियां तेज

ऋषिकेश:  श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) की बोर्ड बैठक शनिवार को ऋषिकेश स्थित ट्रांजिट कैंप कार्यालय सभागार में अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी की अध्यक्षता में आयोजित हुई।

बैठक में वर्ष 2026 की चारधाम यात्रा के प्रथम चरण की सफलता के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज का आभार जताया गया। साथ ही द्वितीय चरण की यात्रा व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया गया।

बैठक में निम्न चीजों की जानकारी दी गई

🔹 50 लाख से अधिक श्रद्धालु चारधाम एवं श्री हेमकुंड साहिब के दर्शन कर चुके हैं।

🔹 32 लाख से अधिक श्रद्धालु श्री बदरीनाथ एवं श्री केदारनाथ धाम पहुंच चुके हैं।

🔹 चारधाम यात्रा के लिए 60 लाख से अधिक पंजीकरण हो चुके हैं।

🔹 बदरीनाथ धाम में 17,22,908 और केदारनाथ धाम में 14,92,047 श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं।

🔹 दोनों धामों से बीकेटीसी को 76 करोड़ रुपये से अधिक की आय प्राप्त हुई है।

🔹 पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष करीब 20 प्रतिशत अधिक श्रद्धालु चारधाम पहुंचे हैं।

बैठक में मंदिर समिति की वेबसाइट के आधुनिकीकरण, धामों में सीसीटीवी व्यवस्था मजबूत करने, चढ़ावे की गणना में पारदर्शिता बढ़ाने, यात्रा एसओपी, ओंकारेश्वर मंदिर उखीमठ एवं तुंगनाथ मंदिर के जीर्णोद्धार तथा त्रिजुगीनारायण को वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने जैसे महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा कर उन्हें पारित किया गया।

इसके अलावा कर्मचारियों के स्थायीकरण, समान कार्य-समान वेतन, पदोन्नति, दिवंगत अस्थायी कर्मचारियों को आर्थिक सहायता, हक-हकूकधारियों एवं दस्तूरधारियों से जुड़े मामलों तथा भीड़ प्रबंधन के लिए विशेषज्ञों की सहायता लेने सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर भी निर्णय लिए गए।

 


जिला सूचना अधिकारी गिरिजा शंकर जोशी के निधन से शोक की लहर,मुख्यमंत्री धामी ने जताया दुःख

नैनीताल। जिला सूचना अधिकारी गिरिजा शंकर जोशी के आकस्मिक निधन से सूचना विभाग सहित पूरे प्रशासनिक अमले में शोक की लहर है। उनके निधन की खबर मिलते ही सांसद अजय भट्ट, जिलाधिकारी नैनीताल ललित मोहन रयाल, एसएसपी नैनीताल, एसडीएम, सिटी मजिस्ट्रेट सहित कई प्रशासनिक अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे और शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया।

जानकारी के अनुसार, गिरिजा शंकर जोशी शनिवार को घर से कार्यालय के लिए निकल रहे थे। इसी दौरान घर के गेट के सामने उनकी बाइक फिसल गई और वह गिर पड़े। बताया जा रहा है कि इसके बाद उन्हें दिल का दौरा पड़ा। उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

गिरिजा शंकर जोशी लंबे समय से सूचना विभाग के माध्यम से सरकार और प्रशासन से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को मीडिया और आम जनता तक पहुंचाने की जिम्मेदारी निभा रहे थे। उनके आकस्मिक निधन से सूचना विभाग ने एक समर्पित अधिकारी को खो दिया है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी गिरिजा शंकर जोशी के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिवार को इस कठिन समय में शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की।

वहीं, महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी ने भी उनके निधन पर शोक व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति और शोकाकुल परिजनों को संबल प्रदान करने की कामना की।


गणेश जोशी के आय से अधिक संपत्ति मामले पर सियासत तेज, हाईकोर्ट के आदेश को लेकर आमने-सामने आए मंत्री और याचिकाकर्ता

मंत्री बोले- हाईकोर्ट ने याचिका खारिज की, याचिकाकर्ता पक्ष ने कहा- आदेश अभी औपचारिक रूप से प्रोनाउंस नहीं हुआ

देहरादून। उत्तराखंड के कृषि मंत्री गणेश जोशी से जुड़े आय से अधिक संपत्ति के मामले को लेकर सियासत तेज हो गई है। मामले में हाईकोर्ट के आदेश को लेकर मंत्री गणेश जोशी और याचिकाकर्ता पक्ष की ओर से अलग-अलग दावे सामने आए हैं।

गणेश जोशी ने कहा कि उन्होंने इस मामले को लेकर अभी तक कोई बयान नहीं दिया था। उन्होंने हाईकोर्ट का आभार जताते हुए दावा किया कि अदालत ने मामले से जुड़ी याचिका को खारिज कर दिया है। मंत्री के मुताबिक, याचिका दो दिन पहले खारिज हुई थी और आदेश की प्रति उन्हें आज प्राप्त हुई है।

गणेश जोशी ने दावा किया कि उनके खिलाफ कांग्रेस कार्यकर्ता की ओर से पहले इस्तेमाल किए गए उन्हीं दस्तावेजों के आधार पर याचिका दाखिल की गई थी। उनका कहना है कि याचिका में संबंधित व्यक्ति का एफिडेविट भी नहीं था। मंत्री ने कहा कि इसी आधार पर यह याचिका भी खारिज हो जाएगी।

आदेश की कॉपी को लेकर याचिकाकर्ता पक्ष ने उठाए सवाल

वहीं, आय से अधिक संपत्ति मामले में पैरवी कर रहे अधिवक्ता और आरटीआई कार्यकर्ता विकेश सिंह नेगी ने मंत्री के दावे पर सवाल उठाए हैं। नेगी के अनुसार, उनकी जानकारी में मामले का फैसला अभी रिजर्व है और उसे अदालत की ओर से औपचारिक रूप से प्रोनाउंस नहीं किया गया है।

विकेश सिंह नेगी ने सवाल उठाया कि यदि अदालत का आदेश अभी औपचारिक रूप से सुनाया नहीं गया है, तो उसकी प्रति मंत्री गणेश जोशी तक कैसे पहुंची।

याचिकाकर्ता पक्ष का दावा है कि अभी तक न तो सरकारी वकील को अदालत के आदेश की प्रति प्राप्त हुई है और न ही याचिकाकर्ता के अधिवक्ता को आदेश की कॉपी उपलब्ध कराई गई है। ऐसे में मंत्री के पास आदेश की प्रति पहुंचने को लेकर सवाल खड़े किए जा रहे हैं।

नेगी ने कहा कि न्यायपालिका पर आम जनता का भरोसा है और जब किसी व्यक्ति को अन्य स्तरों पर न्याय नहीं मिलता, तो वह न्यायालय की ओर उम्मीद से देखता है। ऐसे में किसी आदेश के औपचारिक रूप से सार्वजनिक होने से पहले उसकी प्रति उपलब्ध होने की स्थिति स्पष्ट किया जाना जरूरी है।

अब औपचारिक आदेश का इंतजार

फिलहाल, इस मामले में दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग दावे सामने आए हैं। एक तरफ कृषि मंत्री गणेश जोशी हाईकोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए याचिका खारिज होने की बात कह रहे हैं, जबकि याचिकाकर्ता पक्ष आदेश के औपचारिक रूप से प्रोनाउंस होने और उसकी प्रति उपलब्ध होने को लेकर सवाल उठा रहा है।

अब इस पूरे मामले में हाईकोर्ट के औपचारिक आदेश और उसकी आधिकारिक स्थिति स्पष्ट होने का इंतजार है। इसके बाद ही यह साफ हो सकेगा कि अदालत ने मामले में क्या आदेश दिया है और उसकी प्रति किस प्रक्रिया के तहत उपलब्ध हुई।


केदारनाथ यात्रा के दूसरे चरण की तैयारियों का एसपी ने लिया जायजा, रुद्रप्रयाग से गौरीकुंड तक किया निरीक्षण

रुद्रप्रयाग। केदारनाथ धाम यात्रा-2026 के द्वितीय चरण को लेकर पुलिस ने तैयारियां तेज कर दी हैं। शनिवार को पुलिस अधीक्षक रुद्रप्रयाग निहारिका तोमर ने जनपद मुख्यालय से सोनप्रयाग और गौरीकुंड तक पूरे यात्रा मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सुरक्षा, यातायात, पार्किंग, शटल व्यवस्था और मानसून से प्रभावित मार्गों की स्थिति का जायजा लिया।

एसपी ने सीतापुर, सोनप्रयाग समेत विभिन्न पार्किंग स्थलों और अस्थायी व शटल पार्किंग व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को यात्रियों की सुविधा और यातायात व्यवस्था सुचारू बनाए रखने के निर्देश दिए।

मानसून के दौरान बारिश के चलते यात्रा मार्ग पर कई स्थानों पर मलबा और पत्थर आने से प्रभावित हुई सड़कों की स्थिति का भी निरीक्षण किया गया। एसपी ने बताया कि प्रभावित स्थानों से मलबा और पत्थर हटाने का कार्य किया जा रहा है और अवरुद्ध मार्गों को लगातार खोला जा रहा है।

यात्रा मार्ग को सुरक्षित और सुगम बनाए रखने के लिए एनएच, लोक निर्माण विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित किया गया है। क्षतिग्रस्त मार्गों पर आवश्यक मेंटेनेंस और सुरक्षात्मक कार्यों को प्राथमिकता से कराने के निर्देश दिए गए हैं।

इस दौरान एसपी निहारिका तोमर ने स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं से संवाद कर यात्रा व्यवस्थाओं का फीडबैक भी लिया। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों से मिलने वाले सुझावों के आधार पर व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाया जाएगा।

एसपी ने कहा कि केदारनाथ धाम यात्रा के द्वितीय चरण को सुरक्षित, सुगम और सुव्यवस्थित तरीके से संचालित करना पुलिस की प्राथमिकता है। इसके लिए जिला प्रशासन और संबंधित विभागों के साथ लगातार समन्वय किया जा रहा है।

निरीक्षण के दौरान यातायात निरीक्षक कैलाश शर्मा, एसएचओ सोनप्रयाग सुरेश बलूनी, एसएचओ गुप्तकाशी राकेश कुमार सहित संबंधित थाना-चौकियों का पुलिस बल मौजूद रहा।


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