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केदारनाथ हेली सेवा की ऑनलाइन बुकिंग आज से शुरू, शाम 6 बजे खुलेगा पोर्टल

Category Archives: राष्ट्रीय

केदारनाथ हेली सेवा की ऑनलाइन बुकिंग आज से शुरू, शाम 6 बजे खुलेगा पोर्टल

देहरादून- उत्तराखंड में शुरू होने जा रही चारधाम यात्रा को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। केदारनाथ धाम के लिए हेली शटल सेवा की ऑनलाइन टिकट बुकिंग बुधवार से शुरू की जा रही है। बुकिंग प्रक्रिया का संचालन IRCTC के माध्यम से किया जाएगा, जिसका पोर्टल शाम 6 बजे से यात्रियों के लिए खुल जाएगा।

उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण के सीईओ आशीष चौहान के अनुसार, केदारनाथ के लिए हेलीकॉप्टर सेवा 22 अप्रैल से शुरू होगी। यात्रियों को गुप्तकाशी, सिरसी और फाटा जैसे प्रमुख हेलीपैड्स से शटल सेवा उपलब्ध कराई जाएगी।

पहले चरण में 22 अप्रैल से 15 जून तक की यात्रा के लिए टिकट बुकिंग की जाएगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि टिकट केवल आधिकारिक पोर्टल के जरिए ही बुक किए जाएं। फर्जी वेबसाइट्स और सोशल मीडिया पर दिए जा रहे किसी भी लालच या ऑफर से सावधान रहने की सलाह दी गई है।


पीएम मोदी के नेतृत्व में ‘श्रेष्ठ राज्य’ बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा उत्तराखंड- धामी

मुख्यमंत्री ने कहा, पीएम मोदी का प्रत्येक दौरा उत्तराखंड के लिए नई ऊर्जा और विकास की नई सौगात लेकर आता है

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उत्तराखंड आगमन पर स्वागत करते हुए कहा कि उनका प्रत्येक दौरा उत्तराखंड के लिए नई ऊर्जा और विकास की नई सौगात लेकर आता है। उन्होंने कहा आज प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश और उत्तराखंड को ₹12 हजार करोड़ की लागत से बने एशिया के सबसे लंबे ऐलिवेटेड वाइल्डलाइफ कॉरिडोर की सौगात मिल रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन कई मायनों में विशेष है। एक ओर जहां दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर के रूप में उत्तराखंड की विकास यात्रा को नई गति मिल रही है, वहीं यह अवसर भीमराव अंबेडकर की जयंती का भी है। उन्होंने बाबा साहेब को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि बाबा साहेब ने सामाजिक सौहार्द एवं समरसता को मजबूत करने के लिए वंचित वर्ग को समाज की मुख्य धारा से जोड़ने का काम किया है।

मुख्यमंत्री ने देशवासियों को बैसाखी और सिख नव वर्ष की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व हमारे सांस्कृतिक वैभव और कृषि परंपराओं का प्रतीक हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश ने बीते वर्षों में अभूतपूर्व प्रगति की है। 2014 के बाद भारत ने आधारभूत संरचना, अर्थव्यवस्था, महिला सशक्तिकरण, राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे हर क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छुआ है।

मुख्यमंत्री ने कहा प्रधानमंत्री ने 21वीं सदी का तीसरा दशक, उत्तराखंड का दशक बताकर सभी का उत्साहवर्धन किया। प्रधानमंत्री ने सीमांत गांव माणा में आकर उसे देश का प्रथम गांव घोषित किया, इन्वेस्टर समिट के उद्घाटन पर वेड इन उत्तराखंड का संदेश दिया। आदि-कैलाश का दर्शन कर इस तीर्थ को विश्व पटल पर नई पहचान दिलाई, राष्ट्रीय खेलों के उद्घाटन से देवभूमि को खेलभूमि के रूप पहचान दिलाई, हर्षिल मुखबा से शीतकालीन पर्यटन को बढ़ावा दिया एवं रजत जयंती वर्ष के अवसर पर अगले 25 वर्षों के लिए राज्य को एक नया विजन दिया।

मुख्यमंत्री ने कहा राज्य सरकार, प्रधानमंत्री के नेतृत्व में उत्तराखंड देश का श्रेष्ठ राज्य बनने के लिए अपने विकल्प रहित संकल्प के साथ “विकास भी और विरासत भी’’ की अवधारणा के अनुरूप प्रत्येक क्षेत्र में कार्य कर रही है।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन का समापन “अब रफ्ता-रफ्ता नहीं, पूरी रफ्तार के साथ आगे बढ़ रहा है भारत”, “अब नक्सलवाद, उग्रवाद और आतंकवाद से जीत रहा है भारत”, “अब अर्थव्यवस्था, महिला सशक्तिकरण, स्वरोजगार के साथ-साथ नवाचार में भी कीर्तिमान बना रहा है भारत” कविता से किया। मुख्यमंत्री ने कविता के माध्यम से प्रधानमंत्री के नेतृत्व, विकास कार्यों और जनसेवा के प्रति उनके समर्पण को सराहा और आभार व्यक्त किया।

इससे पहले, मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को नंदा राजजात यात्रा पर आधारित स्मृति चिन्ह भेंट किया, जिसमें मां नंदा की डोली, यात्रा की अगुवाई करते खाड़ू तथा स्थानीय लोगों का सुंदर चित्रण किया गया है।

कार्यक्रम में प्रदेश के राज्यपाल ले.ज (सेवानिवृत्त) गुरमीत सिंह, केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, राज्यसभा सांसद एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, विधानसभा अध्यक्ष श्रीमती रितु खंडूरी भूषण, पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत, विजय बहुगुणा, डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, तीरथ सिंह रावत, कैबिनेट मंत्री कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, गणेश जोशी, श्रीमती रेखा आर्य, खजान दास, डॉ. धन सिंह रावत, सौरभ बहुगुणा, मदन कौशिक,  राम सिंह कैड़ा, भरत चौधरी,  प्रदीप बत्रा सांसद अनिल बलूनी,  अजय भट्ट, माला राज्यलक्ष्मी शाह, नरेश बंसल उपस्थित हुए। वहीं, उत्तर प्रदेश की राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता वर्चुअल माध्यम से शामिल हुईं।


सम्राट चौधरी होंगे बिहार के नए मुख्यमंत्री, भाजपा विधायक दल की बैठक में लगी मुहर

नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद बदले सियासी समीकरण, BJP ने खेला बड़ा दांव

पटना  बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव सामने आया है। भाजपा विधायक दल की बैठक में सम्राट चौधरी को राज्य का नया मुख्यमंत्री चुने जाने पर मुहर लग गई है। इस फैसले के साथ ही प्रदेश में सत्ता का नया अध्याय शुरू होने जा रहा है, वहीं पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों में उत्साह का माहौल देखने को मिल रहा है।

भाजपा की अहम बैठक में वरिष्ठ नेताओं और विधायकों की मौजूदगी में सम्राट चौधरी के नाम पर सर्वसम्मति बनी। पार्टी ने उन्हें नए नेतृत्व के रूप में आगे कर स्पष्ट संकेत दिया है कि आगामी चुनावों को ध्यान में रखते हुए रणनीतिक तौर पर यह निर्णय लिया गया है।

यह बदलाव नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद संभव हुआ, जिसके बाद राज्य की राजनीति में समीकरण तेजी से बदले हैं। नए नेतृत्व के साथ भाजपा ने बिहार में अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश की है।

सम्राट चौधरी लंबे समय से भाजपा संगठन का अहम चेहरा रहे हैं। प्रदेश अध्यक्ष के रूप में उन्होंने संगठन को मजबूत किया, वहीं सरकार में मंत्री और उपमुख्यमंत्री रहते हुए प्रशासनिक अनुभव भी हासिल किया।

सूत्रों के मुताबिक, जल्द ही शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया जाएगा, जिसकी तैयारियां राजभवन स्तर पर शुरू हो चुकी हैं। नई कैबिनेट के गठन को लेकर भी मंथन जारी है, जिसमें क्षेत्रीय और सामाजिक संतुलन साधने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

मुख्यमंत्री बनाए जाने की खबर के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं में जश्न का माहौल है। कई जगहों पर मिठाइयां बांटी गईं और सोशल मीडिया पर समर्थकों ने बधाइयों की झड़ी लगा दी। इसे पार्टी के लिए एक अहम राजनीतिक कदम माना जा रहा है।

अब सबकी नजर नई सरकार की कार्यशैली और प्राथमिकताओं पर टिकी है। विकास, सुशासन और तेज फैसलों को लेकर जनता की अपेक्षाएं बढ़ गई हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बदलाव बिहार की राजनीति में नए दौर की शुरुआत साबित हो सकता है।


कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने डॉ. भीमराव आंबेडकर को दी श्रद्धांजलि

देहरादून। कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने मंगलवार को संविधान निर्माता, भारत रत्न डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती के अवसर पर शासकीय आवास पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने बाबा साहेब के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उनके योगदान को स्मरण किया।

इस अवसर पर मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि डॉ. आंबेडकर ने भारतीय समाज को समानता, न्याय और अधिकारों की जो दिशा दिखाई, वह आज भी उतनी ही प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब का जीवन संघर्ष, समर्पण और सामाजिक न्याय के प्रति उनकी प्रतिबद्धता हम सभी के लिए प्रेरणास्रोत है।

उन्होंने कहा कि आज के समय में आवश्यकता है कि हम उनके विचारों को अपने जीवन में आत्मसात करें और समाज में व्याप्त असमानताओं को दूर करने के लिए मिलकर कार्य करें। रेखा आर्या ने कहा कि सरकार भी उनके आदर्शों के अनुरूप समाज के हर वर्ग के उत्थान के लिए निरंतर कार्य कर रही है।

मंत्री ने प्रदेशवासियों से आह्वान करते हुए कहा कि सभी लोग बाबा साहेब के बताए मार्ग पर चलकर एक समरस, न्यायपूर्ण और सशक्त समाज के निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएं।


पीएम नरेंद्र मोदी ने किया दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का लोकार्पण

11,963 करोड़ की लागत से बना एक्सप्रेसवे, उत्तराखंड को देगा विकास की नई रफ्तार

देहरादून। लंबे इंतजार के बाद उत्तराखंड को बड़ी कनेक्टिविटी सौगात मिल गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देहरादून-दिल्ली एक्सप्रेस इकोनॉमिक कॉरिडोर का लोकार्पण कर इसे जनता को समर्पित किया। इस मौके पर उन्होंने बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर को श्रद्धांजलि भी अर्पित की। कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी समेत कई प्रमुख नेता मौजूद रहे।

करीब 11,963 करोड़ रुपये की लागत से तैयार दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे उत्तर भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़ा बदलाव लाने वाला प्रोजेक्ट माना जा रहा है। लगभग 210-213 किलोमीटर लंबा यह कॉरिडोर दिल्ली के अक्षरधाम से शुरू होकर बागपत, शामली, मुजफ्फरनगर और सहारनपुर होते हुए देहरादून के आशारोड़ी तक पहुंचेगा। इसके शुरू होने से दिल्ली और देहरादून के बीच यात्रा समय घटकर करीब ढाई से तीन घंटे रह जाएगा।

इस एक्सप्रेसवे की सबसे बड़ी खासियत इसका अत्याधुनिक डिजाइन है। पूरे मार्ग में 100 से ज्यादा अंडरपास, कई फ्लाईओवर, रेलवे ओवरब्रिज और सुरंगों का निर्माण किया गया है। खासतौर पर शिवालिक क्षेत्र में बनाया गया 12 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड वाइल्डलाइफ कॉरिडोर इसे और भी विशेष बनाता है, जिसे एशिया का सबसे लंबा कॉरिडोर माना जा रहा है। इसमें साउंड प्रूफ तकनीक का उपयोग किया गया है, ताकि वन्यजीवों की आवाजाही प्रभावित न हो।

केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने इसे उत्तराखंड के विकास की नई रफ्तार बताया। उन्होंने कहा कि बेहतर सड़क नेटवर्क से पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर खुलेंगे। साथ ही राज्य में कई अन्य सड़क और रोपवे परियोजनाओं पर भी तेजी से काम किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड को लगातार बड़ी परियोजनाओं की सौगात मिल रही है, जिससे राज्य के विकास को नई दिशा मिल रही है। उन्होंने इसे प्रदेश के पर्यटन और अर्थव्यवस्था के लिए गेमचेंजर बताया।

यह एक्सप्रेसवे न केवल यात्रा को तेज और सुविधाजनक बनाएगा, बल्कि ईंधन की बचत, प्रदूषण में कमी और पर्यावरण संरक्षण के लिहाज से भी अहम साबित होगा। आधुनिक तकनीकों के इस्तेमाल से बड़ी संख्या में पेड़ों के कटान को भी रोका गया है, जबकि प्रतिपूरक वृक्षारोपण भी किया गया है।

प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेंद्र मोदी का यह उत्तराखंड का 28वां दौरा है, जिसमें उन्होंने राज्य को कई विकास परियोजनाओं की सौगात दी।

पीएम  मोदी ने जनसभा को संबोधित करते हुए इस महत्वाकांक्षी परियोजना के कई बड़े फायदे गिनाए

पीएम मोदी ने कहा कि यह एक्सप्रेसवे सिर्फ एक सड़क नहीं, बल्कि देश के विकास की “भाग्य रेखा” है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पिछले एक दशक में भारत तेजी से आधुनिक हाईवे और एक्सप्रेसवे का नेटवर्क तैयार कर रहा है, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए मजबूत आधार बनेगा।

उन्होंने कहा कि इस एक्सप्रेसवे से उत्तराखंड के पर्यटन क्षेत्र को जबरदस्त फायदा मिलेगा। दिल्ली से देहरादून की दूरी कम होने से सैलानियों की संख्या बढ़ेगी, जिससे स्थानीय रोजगार और व्यापार को भी नई गति मिलेगी।

पीएम मोदी ने बताया कि इस एक्सप्रेसवे से यात्रियों का समय बचेगा और पेट्रोल-डीजल की खपत भी कम होगी, जिससे आर्थिक और पर्यावरणीय दोनों फायदे होंगे।
उन्होंने कहा कि किसानों की फसल अब तेजी से बड़े बाजारों तक पहुंचेगी, जिससे उन्हें बेहतर दाम मिलेंगे। साथ ही इस परियोजना से रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
पीएम ने बताया कि विकास के साथ पर्यावरण संतुलन को ध्यान में रखते हुए एक्सप्रेसवे पर 12 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड सेक्शन बनाया गया है, जिससे वन्यजीवों और प्रकृति को नुकसान न पहुंचे।

पीएम मोदी ने अगले साल हरिद्वार में होने वाले Kumbh Mela और Nanda Raj Jat का जिक्र करते हुए कहा कि इन्हें दिव्य, भव्य और स्वच्छ बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी।

प्रधानमंत्री ने देशभर के सैलानियों से अपील की कि देवभूमि उत्तराखंड की पवित्रता बनाए रखने के लिए प्लास्टिक का उपयोग कम करें और सफाई का विशेष ध्यान रखें।
इस दौरान पीएम मोदी नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर बोले। उन्होंने कहा किसभी दलों को इसके लिए आगे आना चाहिए। महिलाओं ने जो हक दिया जा रहा है उसे लागू होना चाहिए। 2029 में लोकसभा के जो चुनाव होंगे, उसके बाद जो भी चुनाव होंगे यह 2029 से ही लागू हो जाना चाहिए। यह हर बेटी बहन की इच्छा है। 16 अप्रैल से संसद में विशेष चर्चा तय की गई है। मैं चाहता हूं कि इसमें सभी राजनीतिक दल सर्वसम्मति से पूरा करें। आज मैंने सभी बहनों और बेटियों के नाम खुला पत्र लिखा है। मैंने आग्रह किया है कि माताओं और बहनों को इस कार्य में भागीदारी के लिए आग्रह किया है। एक-एक शब्द पर इस पर मनन करना है।


पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का भाजपा पर तीखा हमला, विभाजन की राजनीति का लगाया आरोप

जनता के समर्थन से एक बार फिर सत्ता में वापसी करेगी तृणमूल कांग्रेस- ममता बनर्जी

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं और इसी बीच मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भाजपा पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने विपक्ष पर राज्य में विभाजन की राजनीति करने और लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर करने का आरोप लगाया।

ममता बनर्जी ने कहा कि उनकी “मां-माटी-मानुष” सरकार जनता के समर्थन से एक बार फिर सत्ता में वापसी करेगी। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे तृणमूल कांग्रेस को चौथी बार मौका दें। उन्होंने यह भी कहा कि पिछले वर्षों में राज्य ने जो प्रगति की है, वह आम जनता के सहयोग का परिणाम है।

मुख्यमंत्री ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ शक्तियां पश्चिम बंगाल के सामाजिक ताने-बाने को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रही हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि वह राज्य और यहां के लोगों के हितों की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करती रहेंगी।

इसके साथ ही उन्होंने सभी समुदायों से एकजुट होकर “बांग्ला-विरोधी ताकतों” का मुकाबला करने की अपील की। उन्होंने मतदाताओं से अपने-अपने क्षेत्रों में तृणमूल कांग्रेस उम्मीदवारों के समर्थन में मतदान करने का आग्रह भी किया।

गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव दो चरणों में 23 और 29 अप्रैल को होने हैं, जबकि मतगणना 4 मई को की जाएगी। इस बार मुकाबला काफी दिलचस्प माना जा रहा है, जहां सत्तारूढ़ पार्टी अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस लगातार चौथी बार जीत हासिल करने की कोशिश में है, वहीं भारतीय जनता पार्टी भी सत्ता में आने के लिए पूरी ताकत झोंक रही है।


कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने डॉ. भीमराव अंबेडकर को दी श्रद्धांजलि

बाबा साहेब के आदर्श आज भी प्रासंगिक- गणेश जोशी

देहरादून। कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने देहरादून के गढ़ी कैंट क्षेत्र में संविधान निर्माता एवं भारत रत्न बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के अवसर पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर उन्होंने बाबा साहेब के विचारों को समाज के लिए मार्गदर्शक बताया।

मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि बाबा साहेब ने सामाजिक समानता और वंचित वर्गों के अधिकारों के लिए जो संघर्ष किया, वह आज भी देश के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि समाज के हर वर्ग को न्याय और सम्मान दिलाने का उनका संकल्प सरकार की नीतियों में साफ तौर पर झलकता है।

उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र और राज्य सरकारें बाबा साहेब के आदर्शों को आगे बढ़ाने के लिए लगातार काम कर रही हैं। इस दौरान उपस्थित लोगों ने भी बाबा साहेब को याद करते हुए उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया।


मुख्यमंत्री धामी ने भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर के चित्र पर पुष्प अर्पित कर दी श्रद्धांजलि

सामाजिक समरसता और न्याय के प्रतीक हैं बाबा साहेब- सीएम धामी

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने शासकीय आवास पर भारतीय संविधान के शिल्पी ‘भारत रत्न’ डॉ. भीमराव अम्बेडकर की जयंती पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. अम्बेडकर का जीवन सामाजिक समरसता, समानता और न्याय के आदर्शों को स्थापित करने के लिए समर्पित रहा। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के विचार आज भी सशक्त, समावेशी और न्यायपूर्ण समाज के निर्माण के लिए प्रेरणास्तंभ हैं।


मुख्यमंत्री धामी ने समस्त प्रदेशवासियों को दी बैसाखी पर्व की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने समस्त प्रदेशवासियों को बैसाखी पर्व के अवसर पर हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने इस पावन पर्व को समृद्धि, खुशहाली और नव ऊर्जा का प्रतीक बताया।

मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि बैसाखी का पर्व हमारे परिश्रमी अन्नदाताओं के श्रम, समर्पण और त्याग को सम्मान देने का अवसर है। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना करते हुए कहा कि यह पर्व सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली लेकर आए।


प्रांतीय चिकित्सा स्वास्थ्य सेवा संघ उत्तराखंड का भव्य शपथ ग्रहण, डॉक्टरों की सुरक्षा और सुविधाओं पर सरकार का फोकस

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का संदेश, चिकित्सक समाज की रीढ़, नई टीम से स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की उम्मीद

सेवा और समर्पण का सम्मान, 150 चिकित्सक हुए सम्मानित, सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बढ़ाई गरिमा

देहरादून।  प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को नई दिशा देने और चिकित्सकों की आवाज को मजबूती देने के उद्देश्य से प्रांतीय चिकित्सा स्वास्थ्य सेवा संघ उत्तराखंड का शपथ ग्रहण अधिवेशन देहरादून में भव्य रूप से आयोजित हुआ। कार्यक्रम में जहां एक ओर नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने अपने दायित्वों की शपथ ली, वहीं दूसरी ओर सरकार की ओर से चिकित्सकों के हित में कई बड़े आश्वासन भी दिए गए। आयोजन में उत्साह, गरिमा और भविष्य की उम्मीदों का अनूठा संगम देखने को मिला।

दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल और महानिदेशक, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण डॉ सुनीता टम्टा द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया। अपने संबोधन में स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि नए पदाधिकारियों के कंधों पर संगठन को नई दिशा देने और समाज सेवा के कार्यों को आगे बढ़ाने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह टीम प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सशक्त बनाने में अहम भूमिका निभाएगी।

भव्य आयोजन में नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने ली शपथ
कार्यक्रम में संघ के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने अपने-अपने पदों की गरिमा बनाए रखने, ईमानदारी और निष्ठा के साथ कार्य करने की शपथ ली। इस दौरान डॉ रमेश कुंवर ने अध्यक्ष पद और डॉ यशपाल सिंह तोमर ने महासचिव पद की जिम्मेदारी संभाली। शपथ ग्रहण के इस अवसर पर पूरे प्रदेश से आए चिकित्सकों में खासा उत्साह देखने को मिला। सभी ने संगठन को मजबूत बनाने और चिकित्सकों की समस्याओं को प्रभावी ढंग से उठाने का संकल्प दोहराया।

चिकित्सकों के हित में बड़े ऐलान, सुरक्षा और सुविधाओं पर जोर
अधिवेशन के दौरान स्वास्थ्य मंत्री ने चिकित्सकों की लंबे समय से लंबित मांगों पर सकारात्मक रुख दिखाते हुए कई अहम आश्वासन दिए। उन्होंने कहा कि डीपीसी प्रक्रिया को जल्द पूरा किया जाएगा और एसडीएसपी में एक बार छूट देने की प्रक्रिया भी शीघ्र शुरू होगी। इसके साथ ही प्रदेश के सभी जिला और उप जिला चिकित्सालयों में चिकित्सकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस चौकी स्थापित करने का भरोसा दिया गया। दूरदराज के क्षेत्रों में सेवा दे रहे डॉक्टरों के लिए डॉक्टर्स कॉलोनी बनाने की योजना पर भी तेजी से काम करने की बात कही गई।

पोस्टिंग में पारदर्शिता : परफॉर्मेंस के आधार पर होगा निर्णय
स्वास्थ्य मंत्री ने स्पष्ट किया कि भविष्य में डॉक्टरों की पोस्टिंग उनकी परफॉर्मेंस के आधार पर की जाएगी। उन्होंने कहा कि सुगम और दुर्गम क्षेत्रों का चयन भी राज्य स्तर पर व्यवस्थित तरीके से किया जाएगा, जिससे कार्यप्रणाली में पारदर्शिता आएगी और चिकित्सकों के बीच संतुलन बना रहेगा। इस घोषणा को चिकित्सकों के बीच एक बड़े सुधार के रूप में देखा जा रहा है, जिससे कार्य के प्रति जवाबदेही और प्रेरणा दोनों बढ़ेंगी।

मुख्यमंत्री का वर्चुअल संदेश, नई टीम को शुभकामनाएं
इस अवसर पर पुष्कर सिंह धामी ने वर्चुअल माध्यम से नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि चिकित्सक समाज की रीढ़ हैं और उनकी भूमिका केवल इलाज तक सीमित नहीं, बल्कि जनसेवा का सबसे महत्वपूर्ण आधार है। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि नई टीम संगठन को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगी और प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने में योगदान देगी।

150 से अधिक चिकित्सकों का सम्मान, सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बढ़ाई गरिमा
अधिवेशन के दौरान प्रदेशभर में उत्कृष्ट कार्य करने वाले लगभग 150 चिकित्सकों को सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनके समर्पण और सेवा भावना के प्रति आभार का प्रतीक रहा। कार्यक्रम में चिकित्सकों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने भी सभी का मन मोह लिया। इन प्रस्तुतियों ने आयोजन को और अधिक जीवंत और यादगार बना दिया।

संगठन की भावी योजनाओं पर चर्चा
अधिवेशन में वक्ताओं ने संगठन की भावी रणनीतियों, सामाजिक उत्तरदायित्वों और जनहित में किए जाने वाले कार्यों पर विस्तार से चर्चा की। चिकित्सकों ने स्वास्थ्य सेवाओं को जमीनी स्तर पर और मजबूत बनाने के लिए अपने सुझाव भी साझा किए। इस दौरान यह भी स्पष्ट किया गया कि संगठन भविष्य में चिकित्सकों की समस्याओं को मजबूती से उठाने और उनके समाधान के लिए सरकार के साथ समन्वय बनाए रखेगा।

प्रदेशभर से चिकित्सकों की भागीदारी
कार्यक्रम में प्रदेश के सभी जिलों से मुख्य चिकित्सा अधिकारी, पीएमएस/सीएमएस और बड़ी संख्या में चिकित्सकों ने भाग लिया। इसके अलावा डॉ तृप्ति बहुगुणा, डॉ आर.सी. पंत, डॉ शिखा जगपांगी, डॉ रश्मी पंत, डॉ डी.पी. जोशी, डॉ बी.सी. रमोला, डॉ मनोज वर्मा सहित कई वरिष्ठ चिकित्सक भी उपस्थित रहे।

आभार और संकल्प के साथ समापन
कार्यक्रम के अंत में महासचिव डॉ यशपाल सिंह तोमर ने स्वास्थ्य मंत्री, सभी अतिथियों और प्रदेशभर से आए चिकित्सकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने संगठन के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि सभी मिलकर स्वास्थ्य सेवाओं को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का प्रयास करेंगे। इस भव्य आयोजन ने यह साफ कर दिया कि उत्तराखंड का चिकित्सा समुदाय अब नई ऊर्जा और नए संकल्प के साथ आगे बढ़ने को तैयार है।


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