Drop Us An Email Any Enquiry Drop Us An Email info@e-webcareit.com
Call Us For Consultation Call Us For Consultation +91 9818666272

मामा हो तो ऐसा! भांजी की शादी में चाचा ने दिया 81 लाख नकद, 40 तोला सोना और 30 बीघा जमीन

mayra in wedding viral news

मामा हो तो ऐसा! भांजी की शादी में चाचा ने दिया 81 लाख नकद, 40 तोला सोना और 30 बीघा जमीन

राजस्थान के नागौर में भतीजी की शादी में तीन मामाओं ने मिलकर तीन करोड़ से अधिक की शादी का झांसा दिया है. इतनी बड़ी डील देते ही यह चर्चा का विषय बन गया। शादी में तरह-तरह की रस्में होती हैं। उन्हीं में से एक रस्म मायरा की भी है। जहां मायरा को मामा भांजी-भतीजे की शादी में देते हैं। कई क्षेत्रों में इस रस्म को चावल भरना भी कहा जाता है।

शादियों में कई तरह के रीति-रिवाज होते हैं। ऐसी ही एक प्रथा है मायरा, जिसे कई जगहों पर भात भी कहा जाता है। इसमें भाई अपनी बहन के बच्चों (भतीजों) की शादी में मायरा को लेकर आते हैं। इसमें लोग बहन की खुशी में शामिल होते हैं। कई लोग मायरा भरने में इतना पैसा खर्च कर देते हैं कि आसपास में चर्चा का विषय बन जाते हैं. अब ऐसा ही कुछ राजस्थान (Rajasthan Viral News) में हुआ है। यहां एक मामा (मामा ने 3 करोड़ रुपए मायरा में खर्च किए) ने अपनी भतीजी की शादी में एक-दो लाख नहीं बल्कि 3 करोड़ से ज्यादा खर्च किए हैं।

चाचा ने अपनी भतीजी को ऐसा ताना-बाना दिया कि हर कोई हैरान रह गया

राजस्थान के नागौर से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां मामा ने अपनी भतीजी को इतना प्यार दिया कि वह सुर्खियों में आ गई। आपको बता दें कि तीन भाइयों ने मिलकर अपनी भतीजी की शादी के लिए 3 करोड़ से अधिक की राशि भरी है. जिसमें 81 लाख नकद, 40 तोला सोना, 30 बीघा जमीन व तीन किलो चांदी के आभूषण शामिल हैं।

500-500 के नोटों का बंडल एक प्लेट में लाया गया

घेवरी देवी और भंवरलाल पोटलिया की बेटी अनुष्का की बुधवार को शादी हुई। जहां अनुष्का के नाना भंवरलाल गरवा सिर पर नोटों की थाली लिए भतीजी के घर पहुंचे। 500-500 के नोटों की थाली देख सभी रिश्तेदार चौंक गए। वहीं तीनों मामा हरेंद्र, रामेश्वर व राजेंद्र भी भतीजी के लिए अनाज की बोरियों से भरी ट्रॉली सहित स्कूटी लेकर आए।

ससुराल वालों को दिए चांदी के सिक्के

आपको बता दें कि नाना-नानी के अलावा नाना-नानी ने भी भतीजी के ससुराल वालों को चांदी का एक-एक सिक्का दिया. साथ ही भतीजी को 500 के नोट की चुनरी भी ओढ़ा दी। दुल्हन के नाना भंवरलाल गढ़वा का कहना है कि घेवरी देवी उनकी इकलौती बेटी है। उनके पास करीब 350 बीघा जमीन है। विधि-विधान से मायरा देने में कंजूसी न करें। राजस्थान का नागौर इलाका मायरा को लबालब भरने के लिए मशहूर है।

क्या होता है मायरा

राजस्थान में नाबालिग शादी में अपनी आर्थिक स्थिति के अनुसार मायरा देते हैं। मायरा में कोई गिफ्ट या कोई राशि या ज्वैलरी है। जो मामा अपने भतीजे या भतीजी को देता है। इसे चावल भरने की रस्म भी कहते हैं। चावल भरने से पहले चावलों को धारण करने की रस्म की जाती है।

भात न्योत्ने की रस्म में लड़की की मां तिलक लगाकर अपने बेटे या बेटी की शादी में शामिल होने के लिए अपने पिता, भाई, भाभी और भतीजों को आमंत्रित करती है। फिर शादी के दिन नाना, मामा बेटी के घर जाकर चावल भरते हैं। जिसे मायरा भराना भी कहा जाता है। चावल में नकद, आभूषण और वस्त्र भेंट किए जाते हैं।


Leave a Reply

Latest News in hindi

Call Us On  Whatsapp